नई दिल्ली: रोकथाम पर आधारित स्वास्थ्य सेवा के महत्व को रेखांकित करते हुए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने आज कहा कि आयुष्मान भारत कार्यक्रम के तहत देश भर में ‘स्वास्थ्य सेवा केंद्रों’ (वेलनेस सेंटर) का जाल बिछाया जायेगा जिससे लोगों को अच्छी एवं सुगम स्वास्थ्य सुविधा प्राप्त हो सके. Also Read - Mann Ki Baat: पीएम नरेंद्र मोदी ने कोरोना संकट पर देशवासियों से मांगी माफी, कही ये बड़ी बातें

वाराणसी के पार्टी मोर्चा एवं विभाग के कार्यकर्ताओं को नरेन्द्र मोदी एप के माध्यम से संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि आयुष्मान भारत योजना के माध्यम से पहली बार 10 करोड़ लोगों को स्वास्थ्य बीमा कवर मिलेगा. करीब आधी आबादी को बीमारी से मुकाबला करने की ताकत मिलेगी. उन्होंने अपने संवाद में ‘वन रैंक, वन पेंशन’ का जिक्र करते हुए कहा कि उनकी सरकार के इस कदम से सेना से जुड़े लाखों लोगों के जीवन में सकारात्मक बदलाव आया है. उन्होंने अपने संवाद में सेना एवं अर्द्धसैनिक बलों के लिये सर्विस वोटर रजिस्ट्रेशन कार्यक्रम का भी जिक्र किया और इससे जुड़ी वेबसाइट पर जानकारी प्राप्त करने का सुझाव दिया. Also Read - 'मन की बात' में कोरोनावायरस को लेकर चर्चा करेंगे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, 11 बजे से होगा प्रसारण

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स्वास्थ्य सेवा (प्रिवेंटिव हेल्थकेयर) जरूरी
स्वास्थ्य सेवा को मजबूत बनाने में अपनी सरकार के कार्यो का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि मध्यम वर्ग, निम्न मध्यम वर्ग और गरीब के परिवार में एक बार बीमारी घुस जाए जाए तो परिवार के सपने चूर-चूर हो जाते हैं. ऐसे में रोकथाम पर आधारित स्वास्थ्य सेवा (प्रिवेंटिव हेल्थकेयर) पर बल देना जरूरी है. मोदी ने कहा कि स्वास्थ्य सेवा वहनीय हो और सुगम हो, यह भी जरूरी है. उन्होंने कहा कि आज काशी आसपास के लोखों लोगों के लिये चिकित्सा सेवा का केंद्र बन गया है. वहां विभिन्न राज्यों से लोग इलाज कराने आते हैं.

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जल्‍द ही बनारस हिन्दू विश्वविद्यालय (बीएचयू) में बनेगा देश का सर्वोत्तम अस्पताल
उन्होंने कहा कि आने वाले समय में बनारस हिन्दू विश्वविद्यालय (बीएचयू) में देश का सर्वोत्तम अस्पताल बनने जा रहा है. इस संदर्भ में एक सहमति ज्ञापन किया गया है जिसके माध्यम से सुविधाओं को बेहतर बनाया जायेगा. बीएचयू के मेडिकल कॉलेज को एम्स की तर्ज पर विकसित किया जायेगा. प्रधानमंत्री ने कहा कि गरीबों को न केवल अच्छा इलाज मिले बल्कि उन्हें इसके लिये दूर नहीं जाना पड़े. इस उद्देश्य को ध्यान में रखते हुए सुदूर क्षेत्रों को टेली मेडिसिन नेटवर्क के माध्यम से काशी से जोड़ा जायेगा. वाराणसी में हेल्थ वेलनेस सेंटर भी खुलने जा रहा है.