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आम आदमी पार्टी के भीतर राजनीतिक भूचाल शांत होने का नाम नहीं ले रहा है। लगातार जवाबी हमले हो रहे हैं. हर कोई खुद को पाक साफ़ बनाने में लगा हुआ हैं. पहले योगेंद्र यादव और प्रशांत भूषण से परेशान आम आदमी पार्टी की मुश्किलें अब मयंक गांधी ने बढ़ा रखी हैं। ज्ञात हो कि योगेंद्र यादव और प्रशांत भूषण को आम आदमी पार्टी (आप) की पॉलिटिकल अफेयर्स कमिटी (पीएसी) से निकाले जाने के बाद भी नेताओं का आपसी विवाद थमता नहीं दिख रहा है।

इस मामले में पार्टी के आदेश के खिलाफ जाकर राष्ट्रीय कार्यकारिणी की मीटिंग का ब्योरा ब्लॉग के जरिए देने वाले मयंक गांधी और अरविंद केजरीवाल कैंप के माने जा रहे आशीष खेतान आमने-सामने आ गये हैं। यही कारण हैं कि महाराष्ट्र के संयोजक मयंक गांधी ने शनिवार को फिर एक खुलासा किया है। अपने नए और दूसरे ब्लॉग में मयंक गांधी ने लिखा है कि पार्टी छोड़ने के लिए मुझे अपमानित किया जा रहा है। उन्होंने कहा, ‘दिल्ली में बैठे कुछ नेताओं के समूह ने, जो पार्टी के सारे फैसले करते हैं, मुझे बीबीएम (ब्लैकबेरी मेसेंजर) ग्रुप से निकाल दिया है। यह भी पढ़े- पार्टी में चल रही गतिविधियों से दुखी हूं : अरविंद केजरीवाल

मयंक ने लिखा है कि मेरा ब्लॉग किसी व्यिक्ति विशेष या नेतृत्व को लेकर नहीं है। यह सिर्फ पारदर्शिता को लेकर है कि हम कैसे काम करते हैं। गांधी ने लिखा है, ‘अगर आपने मेरे पहले ब्लॉग को ध्यानपूर्व पढ़ा होगा तो उसमें सिर्फ एक झूठे आदेश को चुनौती दी गई थी।

शनिवार को लिखे गए अपने दूसरे ब्लॉग में मयंक ने कहा, ‘मैं सचमुच मानता हूं कि अरविंद केजरीवाल देश के लिए उम्मीद हैं और मैंने सब कुछ उन्हीं से सीखा है। मेरा ब्लॉग विद्रोह या पार्टी नेतृत्व के खिलाफ नहीं है और न ही अपनी तरफ ध्यान खींचने के लिए है। महाराष्ट्र से पार्टी की नेता अंजलि दमानिया ने भी मयंक गांधी को निशाने पर लेते हुए कहा कि उनके खिलाफ कार्रवाई की जानी चाहिए। यह भी पढ़े- अरविंद केजरीवाल को आप संयोजक पद से हटाने की कोशिश

मयंक गांधी ने आशंका जताई है कि उन्हें भी अपमानित करके पार्टी से निकाल दिया जाएगा। वह लिखते हैं, ‘मेरे ऊपर हमले शुरू हो गए हैं। आशीष खेतान और महाराष्ट्र के दूसरे असंतुष्ट नेताओं ने मेरे खिलाफ इंटरव्यू देने शुरू कर दिए हैं। अभी और बहुत कुछ सामने आएगा और अंत में मुझे इतना अपमानित किया जाएगा कि मैं पार्टी छोड़ दूंगा।

गौरतलब है कि मयंक ने 5 मार्च को अपने ब्लॉग में योगेंद्र यादव और प्रशांत भूषण को पीएसी से निकाले जाने के लिए सीधे-सीधे केजरीवाल को जिम्मेदार ठहराया था। इसके बाद आशीष खेतान ने मयंक गांधी पर कटाक्ष करते हुए ट्विटर पर लिखा था, ‘कुछ लोग सुबह-शाम टीवी इंटरव्यू देंगे, कुछ दिल्ली और फिर देश के विकास के लिए दिन-रात काम करेंगे। कुछ लोग ब्लॉग लिखेंगे, कुछ इतिहास लिखेंगे। विडंबना यह है कि हजारों लोग, जिन्होंने अपने खून-पसीने से इस पार्टी को बनाया है, वे न लेख लिख पाते है और न ही टीवी इंटरव्यू की कला में माहिर हैं। यह भी पढ़े- प्रशांत भूषण, योगेंद्र यादव आप की पीएसी से बाहर

बता दे कि यह कोई पहला मामला नहीं हैं. जब ‘आप’ या अरविंद केजरीवाल के खिलाफ उन्ही के सहयोगियों ने हमला बोला हो। इससे पहले भी कई बार इस तरह की घटनाये सामने आयी हैं। जिसमे पूर्व आप नेताओ विनोद कुमार बिन्नी, शाज़िया इल्मी सहित किरण बेदी तक का समावेश रहा हैं। जो केजरीवाल पर गंभीर आरोप लगाते हुए पार्टी छोड़ चले गए है। फर्क सिर्फ इतना हैं कि इस बार आशीष खेतान पर भी उंगली उठी हैं। जो की कई सारे सवाल खड़ा करता हैं। इसके साथ ही यह विवाद जल्द ठंडा होता नहीं दिख रहा हैं। यह भी पढ़े- झूठी खबरों से दुखी हूं : योगेंद्र यादव