आम आदमी पार्टी जो बीजेपी और कांग्रेस को धरना देने वाली पार्टियों का नाम दें रही है, आज वह खुद अगस्ता वेस्टलैंड घूसकांड मामले को लेकर अपने कार्यकर्ता के साथ कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी दोनों के निवास का घेराव करने वाले हैं। इन दोनों जगह जाने से पहले फिलहाल आम आदमी पार्टी जंतर-मंतर पर प्रदर्शनकर रही है।

दिल्ली के मुख्या मंत्री अरविंद केजरीवाल ने ट्वीट किया है की :बीजेपी और कांग्रेस दोनों धरना पार्टियां है। पार्टियां धरना लगभग रोज करती हैं। अज्ज बीजेपी खुद के खिलाफ धरने पर है। सिर्फ आम आदमी पार्टी गवर्नेंस देती है।” यह भी पढ़ें: अगस्ता वेस्टलैंड पर खुलासे के लिए भाजपा का स्वागत : सोनिया

रक्षा मंत्री मनोहर पर्रिकर:
वहीं अलग-अलग नेताओं के तरफ से आरहें है अलग-अलग बयान। रक्षा मंत्री मनोहर पर्रिकर ने कांग्रेस पर हमला करते हुए कहा है की जो काम बोफोर्स के समय नहीं हो सका था वो अगस्ता मामले में होगा। पर्रिकर ने यह भी कहा है की सबूत मिलने पर उसके खि‍लाफ कार्रवाई जरूर होगी।

कांग्रेस की ‘लोकतंत्र बचाओ’ रैली:
कांग्रेस ने इस शुरकरवर को इस मामले को लेकर कांग्रेस ने ‘लोकतंत्र बचाओ’ रैली निकली थी। रैली के दौरान जंतर-मंतर पर पार्टी कार्यकर्ताओं और नेताओं को संबोधि‍त करते हुए पार्टी अध्यक्ष सोनिया गांधी, उपाध्यक्ष राहुल गांधी और पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने कहा कि मोदी सरकार ने दो वर्षों में देश की व्यवस्था को बर्बाद कर के रख दिया।

क्या है अगस्ता वेस्टलैंड घूसकांड मामला:
ऑगस्‍टा वेस्टलैंड हेलीकॉप्‍टर सौदा एयरफोर्स के द्वारा फरवरी 2010 में इटली की कंपनी अगस्ता से हुआ था। यह डील भारतीय एयरफोर्स और इटली की कंपनी अगस्ता के बीच 3600 करोड़ में 12 हेलिकॉप्टरों का सौदा हुआ था। जिसमे कहा जा रहा है की इसका 10 फीसदी हिस्सा जोकि करीब 350 करोड़ रुपए घूस की तरह इस्तेमाल किया गया है। इस डील के समय केंद्र में यूपीए की सरकार थी और एयरफोर्स चीफ एसपी त्यागी थे।

आपको बता दें की यह ऑगस्‍टा वेस्टलैंड हेलीकॉप्‍टर सौदा घोटाला साल 2012 में सबके सामने आया था। वहीं इस घोटाले की पुष्टि करते हुए 2013 में तत्कालीन रक्षा मंत्री एके एंटनी ने भ्रष्टाचार की बात कबूल करते हुए इस सौदे को रद्द कर दिया था। भारत ने यह सौदा अगस्ता वेस्टलैंड कंपनी से किया था और हेलीकॉप्‍टर बनाने वाली कंपनी का नाम है फिनमेकेनिका। टेंडर की शर्तें बदलने के एवज में फिनमेकेनिका कंपनी ने पूर्व वायुसेनाध्यक्ष एसपी त्यागी के साथ उनके तीन रिश्तेदारों को घूस दी थी।