नई दिल्ली| आम आदमी पार्टी एमसीडी चुनाव में वीवीपीएटी ईवीएम (VVPAT-linked EVMs) मशीन के इस्तेमाल के लिए दिल्ली हाइ कोर्ट में अपील करेगी. पार्टी चाहती है कि राज्य चुनाव आयोग को ये निर्देश दिये जाएं कि 23 अप्रैल को होने जा रहे एमसीडी चुनाव में वीवीपीएटी ईवीएम के जरिये ही वोटिंग हो.

अभी लगभग एक हफ्ते पहले ही दिल्ली सीएम अरविंद केजरीवाल ने दिल्ली राज्य चुनाव कमिश्नर एस के श्रीवास्तव को एक पत्र लिखकर राजस्थान की जनरेशन 1 ईवीएम मशीनों को एमसीडी चुनावों में इस्तेमाल न करने के लिए कहा था।

हाल में ही, उत्तर प्रदेश निर्वाचन आयोग ने भारत निर्वाचन आयोग से मांग की है कि उन्हें मई में होने वाले स्‍थानीय निकाय चुनाव के लिए 2006 के बाद बनी ईवीएम मशीन उपलब्‍ध कराई जाए वरना वो बैलेट पेपर से चुनाव कराना पसंद करेंगे. इससे अरविंद केजरीवाल ने खुश होकर ट्वीट किया कि मैं खुश हूं कि यूपी चुनाव आयोग ने अपना पक्ष रखा और मुझे उम्मीद है कि दिल्ली चुनाव आयोग भी ऐसा ही करेगा.

क्या है वीवीपीएटी?

वीवीपीएटी (वोटर वेरिफायड पेपर ऑडिट ट्रायल) मतपत्र रहित मतदान प्रणाली का इfस्तेमाल करते हुए मतदाताओं को फीडबैक देने का एक तरीका है. इसका प्रयोग इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीनों की स्पष्टता के लिए किया जाता है. इससे मत डालने वाले को ये पता चल सकता है कि वोट उसकी मर्जी से डला है या नहीं. इससे वोट में हेरफेर की कोई गुंजाइश नहीं रहती.