Air Force Day 2019: भारतीय वायु सेना (IAF) मंगलवार को अपना 87 वां स्थापना दिवस मना रही है. इसे वायु सेना दिवस के रूप में भी जाना जाता है. भारतीय वायुसेना (इंडियन एयरफोर्स) भारतीय सशस्त्र सेना का एक अंग है जो वायु युद्ध, वायु सुरक्षा, एवं वायु चौकसी का महत्वपूर्ण काम देश के लिए करती है. भारतीय वायु सेना के सभी खतरों से भारतीय हवाई क्षेत्र की रक्षा करना, सशस्त्र बलों की अन्य शाखाओं के साथ संयोजन के रूप में भारतीय क्षेत्र और राष्ट्रीय हितों की सुरक्षा प्राथमिक उद्देश्य है.

इस जश्न के माहौल में गाजियाबाद के हिंडन एयरफोर्स स्टेशन पर भारतीय वायुसेना के जवानों ने सेना की ताकत का प्रदर्शन किया. इस दौरान एयर शो हुआ. सेना ने ताकत का प्रदर्शन करते हुए विमानों और हेलिकॉप्टर्स से करतब दिखाए. एयर शो का लोगों ने खूब लुत्फ़ उठाया. जश्न के दौरान वायु सेना के सीनियर ऑफिसर्स भी शामिल हुए. एयर शो के दौरान पूर्व भारतीय क्रिकेटर सचिन तेंदुलकर भी उपस्थित रहे.

इस मौके पर पीएम मोदी ने ट्वीट कर भारतीय वायु सेना की शान में लिखा, “आज वायु सेना दिवस पर एक गर्वित राष्ट्र हमारे वायु योद्धाओं और उनके परिवारों के प्रति आभार व्यक्त करता है. भारतीय वायु सेना निरंतर समर्पण और उत्कृष्टता के साथ भारत की सेवा करती है”.

इस मौके पर रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह बोर्डो के पास मरिग्नैक एयरबेस में मंगलवार को वायु सेना के लिए पहला राफेल लड़ाकू विमान प्राप्त करेंगे. रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह विजयादशमी के शुभ अवसर पर मंगलवार को फ्रांस की राजधानी पेरिस में भारतीय परंपरा के अनुसार शस्त्र पूजा करेंगे. विधिवत शस्त्र पूजा के बाद रक्षामंत्री फ्रांस की कंपनी दसॉ से खरीदे गए लड़ाकू विमान राफेल का अधिग्रहण करेंगे और विमान में उड़ान भी भरेंगे. राफेल उन्नत प्रौद्योगिकी से लैस लड़ाकू विमान है. दसॉ के साथ हुए सौदे की पहली खेप में भारत विजयादशमी के मौके पर 36 राफेल विमान हासिल करेगा.

राफेल लेने फ्रांस पहुंचे रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, पेरिस में होगी शस्त्र पूजा, राफेल में भरेंगे उड़ान

इस साल वायुसेना उपाध्यक्ष, एयर वाइस मार्शल (अब एयर मार्शल) आरकेएस भदौरिया, एयर चीफ मार्शल (सेवानिवृत्त) बीएस धनोआ को 26वें प्रमुख के रूप में 30 सितंबर को दल में बदलाव देखा है.

पदभार संभालने के बाद प्रेस के साथ अपनी पहली बातचीत में, एयर चीफ मार्शल भदौरिया ने 4 अक्टूबर को, वायुसेना दिवस 2019 के लिए एक प्रचारक वीडियो जारी किया था, जो कि फरवरी में जैश-ए-मुहम्मद (JeM) के आतंकी शिविर के दुस्साहसिक हवाई हमले के बाद से IAF का पहला है वीडियो था.

8 अक्टूबर, 1932 को आईएएफ जो भारतीय सशस्त्र बलों की वायु शाखा है को रॉयल इंडियन एयर फ़ोर्स के रूप में बनाया गया था. ब्रिटिश शासन से भारत की स्वतंत्रता के बाद आगे लगे जाने वाले उपसर्ग ’रॉयल’ को समाप्त कर दिया गया था. इसका प्राथमिक मिशन भारतीय हवाई क्षेत्र को सुरक्षित करना और सशस्त्र संघर्ष के दौरान हवाई युद्ध करना है. यह दुनिया की चौथी सबसे बड़ी वायु सेना है.