delhi pollution : दिल्ली में शनिवार को वायु गुणवत्ता ‘बहुत खराब’ श्रेणी में बरकरार रही. शहर का वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 347 दर्ज किया गया. पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय की वायु गुणवत्ता निगरानी प्रणाली ‘सफर’ ने कहा कि कुछ क्षेत्रों में वायु गुणवत्ता ‘गंभीर’ श्रेणी में रही लेकिन यह स्थिति कम समय के लिए रहेगी क्योंकि हवा चलने की उम्मीद है.Also Read - Netaji Subhash Chandra Bose की प्रतिमा के होलोग्राम का PM Modi आज करेंगे अनावरण, जानें क्या होगा खास

अधिकारियों ने कहा कि मुंडका, वजीरपुर और अलीपुर जैसे क्षेत्रों में वायु प्रदूषण का स्तर ‘गंभीर’ दर्ज किया गया. उन्होंने कहा कि वायु गुणवत्ता में 26 अक्टूबर को सुधार होने की उम्मीद है. सफर की ओर से बताया गया, ‘‘दिल्ली में समग्र एक्यूआई बहुत खराब श्रेणी में है और दिल्ली के कुछ स्थानों में प्रदूषण का स्तर गंभीर श्रेणी में चला गया लेकिन यह कम समय के लिए रहेगा. मुख्य रूप से ऐसा इसलिए क्योंकि कल से व्याप्त अत्यंत शांत स्थानीय हवाओं की गति 26 अक्टूबर आते-आते बढ़ेगी.’’ Also Read - Delhi's first electric BUS: दिल्ली की सड़कों पर दौड़ी पहली इलेक्ट्रिक बस, मुख्यमंत्री ने हरी झंडी दिखाकर लोगों से की अपील

सफर की ओर से कहा गया कि अनुमान है कि एक्यूआई ‘बहुत खराब’ श्रेणी में बरकरार रहेगा लेकिन प्रदूषण का स्तर और अधिक नहीं गिरेगा. सफर ने कहा, ‘‘वर्तमान स्थिति में 26 अक्टूबर तक धीमा सुधार होने की उम्मीद है जो बहुत खराब श्रेणी के मध्य तक जा सकती है.’’ Also Read - Weekend Curfew in Delhi: राजधानी में अगले 55 घंटे तक गैर-आवश्यक गतिविधियों पर रहेगी रोक

सफर के अनुसार शुक्रवार को पराली जलाने की 1,292 घटनाएं हुई और दिल्ली के प्रदूषण में इसका योगदान नौ प्रतिशत रहा. उल्लेखनीय है कि 0 और 50 के बीच एक्यूआई को ‘अच्छा’, 51 और 100 के बीच ‘संतोषजनक’, 101 और 200 के बीच ‘मध्यम’, 201 और 300 के बीच ‘खराब’, 301 और 400 के बीच ‘बहुत खराब’ और 401 से 500 के बीच ‘गंभीर’ माना जाता है.

(इनपुट भाषा)