गुवाहाटीः संशोधित नागरिकता कानून के खिलाफ प्रदर्शन कर रही ऑल असम स्टूडेंट्स यूनियन (आसू) ने ‘शिल्पी समाज’ (कलाकार फोरम) के साथ मिलकर राजनीतिक दल के गठन के रविवार को संकेत दिए. छात्र संघ ने सत्तारूढ़ भाजपा और असम गण परिषद के साथ ही विपक्षी कांग्रेस के विकल्प के तौर पर इस दल के गठन के संकेत दिए हैं.

यहां ‘शांति एवं सौहार्द कार्यक्रम’ नाम की विरोध बैठक को संबोधित करते हुए जब प्रसिद्ध गायक जुबीन गर्ग ने कहा कि, “हम अपनी खुद की पार्टी बनाएंगे’’, तब आसू अध्यक्ष दीपांका नाथ ने उनका यह कहते हुए समर्थन किया, “हम अब उस दिशा में सोच रहे हैं.”

नाथ ने कहा, “हम शिल्पी समाज से बात कर रहे हैं और असम के लोगों से भी अन्य विकल्प पर विचार करने की चर्चा कर रहे हैं. आपकी (लोगों की) अनुमति से, हम उस दिशा में आगे बढ़ने में बिलकुल भी नहीं हिचकिचाएंगे. उन्होंने कहा, “आसू अराजनीतिक रहेगा. लेकिन, लोगों के हित में, शिल्पी समाज के साथ मिलकर हम उस दिशा में जाने के लिए तैयार हैं.”

राज्य सरकार पर निशाना साधते हुए आसू अध्यक्ष ने कहा, “ उन्होंने लोगों का दमन करने के लिए अपने तंत्र को खुली छूट दे दी है जिसमें पांच नाबालिग छात्रों की मौत हो गई और कई अन्य को गोलियों से घायल कर दिया गया. यह साफ है कि सर्वानंद सोनोवाल सरकार गिर जाएगी.” आसू अध्यक्ष ने असम गण परिषद पर राज्य के लोगों के साथ “धोखा” करने का आरोप लगाया और कहा कि कांग्रेस भी “उतनी ही बुरी” है.