पुरुलियाः अपने राजनीतिक प्रतिद्वंद्वियों के खिलाफ ‘हिंसा भड़काने’ के लिए पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर निशाना साधते हुये भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह ने आज कहा कि उनकी पार्टी के कार्यकर्ताओं का बलिदान बेकार नहीं जायेगा और पार्टी 2019 में राज्य की 42 में से 22 लोकसभा सीटें जीतेगी. यहां एक जनसभा को संबोधित करते हुये उन्होंने कहा कि अगर बंगाल की जनता ‘बांग्लादेश से घुसपैठियों का आना रोकना चाहती है तो उसे ममता नीत तृणमूल कांग्रेस सरकार को उखाड़ फेंकना होगा.’ गौरतलब है कि उत्तर प्रदेश में सपा-बसपा के गठजोर से भाजपा को होने वाले संभावित नुकसान को देखते हुए अमित शाह की इस योजना को काफी अहम माना जा रहा है. यूपी की 80 लोकसभा सीटों में से भाजपा और उसके साथियों के पास 70 सीटें हैं.

शाह ने राज्य में हिंसा भड़काने के लिये राज्य सरकार पर निशाना साधा और कहा कि जो लोग रवींद्र संगीत सुना करते थे, वे अब बमों की आवाज सुनते हैं. शाह ने कहा, ‘हिंसा कभी बंगाल की संस्कृति नहीं रही. यह गुरुदेव रवींद्र नाथ टैगोर, बंकिम चंद्र चट्टोपाध्याय जैसी महान हस्तियों का राज्य है. और आप सब देख सकते हैं कि ममता ने इस राज्य के साथ क्या किया है.’ इससे पहले आज शाह ने कथित रूप से राजनीतिक हिंसा में मारे गये भाजपा कार्यकर्ताओं के परिवारों से मुलाकात की और कहा कि उनका बलिदान व्यर्थ नहीं जायेगा.

शाह ने कहा, ‘हाल ही में हमारी पार्टी के 20 से अधिक कार्यकर्ता राज्य में मारे गये. यह बलिदान बेकार नहीं जायेगा. मैं ममता बनर्जी को चुनौती देता हूं कि हम आगामी दिनों में आपको सत्ता से बाहर कर देंगे.’ उन्होंने कहा कि अगले आम चुनाव राज्य में बदलाव की आधारशिला रख देंगे और पार्टी 22 लोकसभा सीटें जीतेगी. भाजपा ने 2014 में दो सीटें जीती थीं.

मोदी सरकार के खिलाफ महागठबंधन बनाने के ममता के प्रयासों का मजाक बनाते हुये शाह ने कहा कि तृणमूल कांग्रेस राज्य में राजनीतिक जमीन खो रही है. उन्होंने कहा, ‘हमें विपक्षी दलों का गठबंधन करने के उनके कदम पर कोई आपत्ति नहीं लेकिन ऐसा करने से पहले उन्हें इस बात की चिंता होनी चाहिये कि बंगाल में राजनीतिक जमीन उनके हाथों से निकल रही है.’

शाह ने कहा, ‘तृणमूल कांग्रेस ने पिछले पंचायत चुनावों में आतंक मचाया था लेकिन इतनी हिंसा के बावजूद वह भाजपा को कई सीटें जीतने से नहीं रोक सकी.’ उन्होंने कहा कि पंचायत चुनावों में 20 भाजपा कार्यकर्ताओं की मौत हुई थी. उन्होंने आरोप लगाया कि केन्द्र सरकार की वित्तीय मदद के बावजूद राज्य में विकास नहीं हो रहा है और केवल ‘‘बम बनाने का व्यापार और तृणमूल कांग्रेस के अपने काम-धंधे फल-फूल रहे हैं.’ शाह ने मंच पर दिवंगत कार्यकर्ताओं के परिवारों को सम्मानित किया.