नई दिल्ली: भाजपा अध्यक्ष अमित शाह ने सोमवार को कहा कि पार्टी के संगठनात्म्क चुनाव इस साल के अंत तक खत्म होने पर वह भगवा दल के नए प्रमुख के लिए मार्ग प्रशस्त करेंगे. शाह (जो केंद्रीय गृह मंत्री भी हैं) ने कहा कि नए अध्यक्ष द्वारा पार्टी का प्रभार दिसंबर तक संभाल लिए जाने की उम्मीद है. उन्होंने एक चैनल के साथ बातचीत में इस धारणा को खारिज किया कि वह परदे के पीछे से पार्टी को चलाने वाली ‘‘सर्वोच्च शक्ति’’ बने रहेंगे.

शाह ने कहा कि इसी तरह के दावे तब किए गए थे जब वर्ष 2014 में वह भाजपा अध्यक्ष बने थे और एक बार किसी अन्य के संगठन संभाल लेने पर इस तरह की अटकल को विराम लग जाएगा. उन्होंने कहा, ‘‘यह (भाजपा) कोई कांग्रेस पार्टी नहीं है और कोई भी इसे परदे के पीछे से नहीं चला सकता.’’ शाह ने कहा कि पार्टी इसके संविधान के अनुरूप चलेगी.

भाजपा के हलकों में व्यापक तौर पर यह माना जाता है कि शाह की जगह जे पी नड्डा लेंगे. भाजपा के आम तौर पर ‘एक व्यक्ति एक पद’ का नियम मानने के चलते यह उम्मीद थी कि शाह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार में कैबिनेट मंत्री बनने के बाद पार्टी के नए मुखिया के लिए मार्ग प्रशस्त करेंगे. शाह ने मामले में अपनी पहली टिप्पणी में कहा, ‘‘चुनाव (संगठनात्मक) चल रहे हैं. दिसंबर तक कोई नया अध्यक्ष पार्टी की जिम्मेदारी और प्रभार संभाल लेगा.’’

भाजपा की सहयोगी शिवसेना के इन दावों के बीच कि पार्टी चुनावी राज्य महाराष्ट्र में अपना मुख्यमंत्री बनाने के लिए काम करेगी, शाह ने कहा कि भगवा गठबंधन देवेंद्र फड़णवीस के नेतृत्व में चुनाव लड़ रहा है और वह फिर से राज्य सरकार के मुखिया होंगे. महाराष्ट्र और हरियाणा में 21 अक्टूबर को विधानसभा चुनाव होंगे. मतगणना 24 अक्टूबर को होगी.

(इनपुट भाषा)