अमृतसर: पंजाब पुलिस ने अमृतसर में हुए ट्रेन हादसे के बाद से पटरियों को अवरोधित कर उनपर बैठे प्रदर्शनकारियों को बलपूर्वक हटाकर रविवार को रेल मार्ग साफ किया. पटरी से हटाए जाने के बाद प्रदर्शनकारियों ने सुरक्षाकर्मी के साथ झड़प की और उनपर पथराव किया. पुलिस अधिकारियों ने बताया कि इस झड़प में पंजाब पुलिस का एक कमांडो और एक फोटो पत्रकार घायल हो गया. उन्होंने बताया कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए भारी पुलिस बल तैनात किया गया है. राज्य पुलिस के कमांडो के अलावा पंजाब पुलिस एवं त्वरित कार्य बल के कर्मी भी मौके पर मौजूद हैं.

अधिकारियों ने बताया कि रेल यातायात सामान्य करने के लिए सैकड़ों की संख्या में प्रदर्शनकारियों को पटरियों से हटाने के थोड़ी ही देर बाद यह झड़प हुई. लाउडस्पीकर पर घोषणा कर पुलिस लोगों से घरों के भीतर ही रहने के लिए कह रही है. स्थानीय निवासियों ने शनिवार को राज्य सरकार के खिलाफ नारेबाजी की और ट्रेन चालक के खिलाफ कार्रवाई की मांग करते हुए प्रदर्शन शुरू किया था.

गौरतलब है कि पंजाब में अमृतसर के निकट शुक्रवार शाम रावण दहन देखने के लिए रेल पटरियों पर खड़े लोगों के ट्रेन की चपेट में आने से कम से कम 61 लोगों की मौत हो गई, जबकि 72 अन्य घायल हो गए. ट्रेन जालंधर से अमृतसर आ रही थी तभी जोड़ा फाटक पर यह हादसा हुआ. मौके पर कम से कम 300 लोग मौजूद थे जो पटरियों के निकट एक मैदान में रावण दहन देख रहे थे.

वहीं दशहरे के मौके पर अमृतसर के पास हुए हादसे को लेकर रेलवे का कहना है कि पुतला दहन देखने के लिए लोगों का वहां पटरियों पर एकत्र होना ‘स्पष्ट रूप से अतिक्रमण का मामला’ था और इस कार्यक्रम के लिये रेलवे द्वारा कोई मंजूरी नहीं दी गई थी. अमृतसर प्रशासन पर इस हादसे की जिम्मेदारी डालते हुए आधिकारिक सूत्रों ने कहा कि स्थानीय अधिकारियों को दशहरा कार्यक्रम की जानकारी थी और इसमें एक वरिष्ठ मंत्री की पत्नी ने भी शिरकत की.