आंध्र प्रदेश के विधानसभा और विधान परिषद ने सोमवार को पूर्व राष्ट्रपति दिवंगत ए.पी.जे. अब्दुल कलाम को श्रृद्धांजली अर्पित की। पिछले महीने दिल का दौरा पड़ने के कारण कलाम का निधन हो गया था। Also Read - Cyclone Nivar Live: चक्रवाती तूफान निवार के मद्देनजर 37 हजार लोगों को निकाला गया, NDRF की 25 टीमें और पोत भी तैनात

दोनो सदनों के सदस्यों ने देश के लिए पूर्व नेता की सेवा को याद करते हुए दो मिनट का मौन रख कर श्रद्धांजली अर्पित की। Also Read - Cyclone Nivar: चक्रवाती तूफान ‘निवार’ हो रहा विकराल, 130-140 KM/ घंटे तेज चलेंगी हवाएं, तमिलनाडु में छुट्टी घोष‍ित

मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू ने कलाम के निधन पर शोक जताते हुए एक प्रस्ताव पेश किया। उन्होंने ओंगोल में प्रस्तावित भारतीय सूचना प्रोद्योगिकी संस्थान (आईआईआईटी) का नाम पूर्व राष्ट्रपति के नाम पर रखने की घोषणा की। Also Read - School Reopening Latest News: इस राज्य में स्कूल खुलने के तीसरे दिन 262 छात्र कोरोना पॉजिटिव, शिक्षा विभाग ने कही ये आश्चर्यजनक बातें

नायडू ने कहा, “मेधावी छात्रों को दिया जाने वाले ‘प्रतिभा पुरस्कार’ का नाम भी कलाम के नाम पर रखा जाएगा। उनकी प्रतिमा को नागार्जुन विश्वविद्यालय में स्थापित किया जाएगा।”

उन्होंने कहा कि कलाम राजनेताओं समेत सभी के लिए प्रेरणास्त्रोत थे।

नायडू ने आगे कहा, “एक गरीब परिवार में जन्मे कलाम भारत के मिसाइल कार्यक्रम की अगुवाई तथा देश में सर्वश्रेष्ठ पद पर आसीन हुए। कलाम का जीवन लोगों को और विशेष रूप से युवाओं को प्रेरित करता रहेगा।”

उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने पूर्व राष्ट्रपति के निधन पर अवकाश घोषित न करते हुए कलाम की इच्छानुसार कर्मचारियों को एक घंटा अतरिक्ति काम करने के लिए कहा।

विपक्षी नेता वाई.एस.जगमोहन रेड्डी ने कलाम को भारत का बेटा करार दिया।

वहीं वाईएसआर कांग्रेस पार्टी अध्यक्ष ने कहा कि राष्ट्रपति का कार्यालय छोड़ने के बाद कलाम ने एक अध्यापक के तौर पर काम किया और आखिरी सांस तक अपने विकसित भारत के सपने के लिए काम करते रहे।