नई दिल्ली: दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने सोमवार को कहा कि ऐसा लोकतंत्र बनाने की जरूरत है, जहां लोग सीधे तौर पर शासन में भागीदारी कर सकें. वह दिल्ली विधानसभा में ‘कॉमनवेल्थ पार्लियामेंट्री एसोसिएशन’ (सीपीए) द्वारा आयोजित ‘यूथ पार्लियामेंट सेशन’ के शुभारंभ के दौरान भागीदारों को संबोधित कर रहे थे. दिल्ली पहली बार वार्षिक सीपीए आयोजन की मेजबानी कर रही है. इसमें राष्ट्रमंडल के 24 देशों के 47 प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया.

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केजरीवाल ने कहा, ‘‘मेरा मानना है कि लोकतंत्र एक स्थिर प्रक्रिया नहीं है, यह एक जीवंत प्रक्रिया है. सभ्यता के साथ यह विकसित होती रहती है.’’ मुख्यमंत्री ने विभिन्न राष्ट्रों के प्रतिभागियों से लोकतंत्र को ऐसे मायने में देखने का आग्रह किया, जहां लोगों का उनके चुने हुए प्रतिनिधियों और सरकार के विभिन्न कार्यों पर सीधा नियंत्रण हो.

इसी बीच अरविंद केजरीवाल ने लोगों से आगामी विधानसभा चुनाव में आम आदमी पार्टी (आप) की मदद करने की अपील की. उन्होंने कहा कि चुनाव लड़ने के लिए ‘आप’ के पास पैसे नहीं है. उन्होंने यह भी कहा कि वह अनधिकृत कॉलोनियों में मकानों की रजिस्ट्री का कार्य कराएंगे और लोग अपनी जमीन की रजिस्ट्री के दस्तावेज हाथ में आने तक किसी पर भरोसा नहीं करें.

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यहां जारी बयान के मुताबिक उत्तरी दिल्ली के बुराड़ी में एक जनसभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा, ‘‘ गत पांच साल में हमने दिल्ली में बहुत काम किए. हमारे पास चुनाव लड़ने के लिए पैसे नहीं है, मैंने पिछले पांच साल में एक रुपए की भी कमाई नहीं की, वे आप हैं जो मेरे लिए चुनाव लड़ेंगे.’’