निजामाबाद (तेलंगाना): AIMIM चीफ असदुद्दीन ओवैसी ने संघ प्रमुख मोहन भागवत के ‘दो बच्चों की नीति’ का समर्थन करने वाले बयान पर पलटवार करते हुए कहा कि देश में वास्तविक समस्या जनसंख्या नहीं, बल्कि बेरोजगारी है. उन्होंने हैदराबाद में एक जनसभा को संबोधित करते हुए यह टिप्पणी की. Also Read - WB Assembly Election 2021: कोलकाता में असदुद्दीन ओवैसी की रैली रद्द, बढ़ सकती है ममता बनर्जी से तकरार?

ओवैसी ने निजामाबाद में म्युनिसिपल इलेक्शन को लेकर एक जनसभा को संबोधित करते हुए कहा “आप पर शर्म आ रही है! मैं दो से अधिक बच्चे पैदा कर रहा हूं और ऐसे कई BJP नेता है जिनके दो से अधिक बच्चे हैं. RSS ने हमेशा से यह कहा है कि मुस्लिम आबादी को नियंत्रित करना चाहिए. इस देश की असली समस्या बेरोजगारी है, न कि जनसंख्या.” उन्होंने भागवत से पूछा कि युवाओं की संख्या कितनी है और देश में आपने कितनों को नौकरी दी है? Also Read - Defamation Case: कांग्रेस नेता Digvijay Singh के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी, असदुद्दीन ओवैसी से जुड़ा है मामला...

नौकरियों की कमी को लेकर नरेंद्र मोदी सरकार पर निशाना साधते हुए AIMIM प्रमुख ने कहा कि बेरोजगारी की वजह से 2018 में प्रति दिन 36 युवाओं ने आत्महत्या की.” उन्होंने कहा कि आज भारत में डेमोग्राफिक डिवाइडेड है. ऐसा किसी अन्य देश में नहीं देखा जा सकता है. आप पांच सालों के अपने कार्यकाल में किसी को भी नौकरी नहीं दे पाएं हैं. यही कारण है कि RSS दो बच्चों की नीति लाने के लिए जोर दे रहा है. भारत की 60 फीसदी जनसंख्या 40 वर्ष से कम उम्र के लोगों की है.

इसके अलावा ओवैसी ने भागवत से पूछा कि आज की रिपोर्ट यह है कि 2018 में प्रति दिन 35 बेरोजगारों ने आत्महत्या की है और 36 रोजगार लोगों ने आत्महत्या की है. आप इस पर क्या कहेंगे?” बता दें कि भागवत ने अभी कुछ दिन पहले उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद की चार दिवसीय यात्रा के दौरान कहा था कि देश के समुचित विकास को सुनिश्चित करने के लिए दो बच्चों के लिए कानून लाया जाना चाहिए.