अयोध्या: अयोध्या में राममंदिर का मुद्दा एक बार फिर से गरमाने वाला है. राममंदिर निर्माण को लेकर साधु-संत एक बार फिर मोर्चा खोलने जा रहे हैं. आज उसके लिए संतों ने एक बैठक आहूत की है. इसमें लगभग सौ से अधिक साधू-संत व विश्व हिन्दू परिषद के पदाधिकारी भी शामिल होंगे. विश्व हिंदू परिषद के प्रांतीय प्रवक्ता शरद शर्मा के अनुसार अयोध्या में राम मंदिर निर्माण को लेकर आज मणि रामदास जी की छावनी में संतों की बैठक होनी है. इसकी अध्यक्षता रामजन्मभूमि न्यास के अध्यक्ष महंत नृत्यगोपालदास करेंगे. इस बैठक में संत समाज कोई बड़ा फैसला ले सकता है. Also Read - चुनाव से पहले ममता बनर्जी को बड़ा झटका, पार्टी के दिग्गज नेता ने अहम पद छोड़ा

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मणि रामदास छावनी के उत्तराधिकारी और राम जन्मभूमि न्यास के सदस्य कमल नयन दास ने बताया कि आज की बैठक में अयोध्या के साधु संतों के अलावा विहिप के नेता भी शामिल होंगे. आज की बैठक में मुख्य रूप में इस बात पर चर्चा होगी कि इस मामले में कोर्ट में चली सुनवाई में अब तक क्या हुआ. इस बैठक में संत समिति के अध्यक्ष महंत कन्हैया दास, रामजन्मभूमि न्यास के वरिष्ठ सदस्य डॉ रामविलास दास वेदांती, रामवल्लभ कुंज के अधिकारी राजकुमार दास, देवेंद्र प्रसादाचार्य, रंगमहल के महंत रामशरण दास, लक्ष्मणकिलाधीश महंत मैथिली शरण दास, बड़ा भक्तमाल के महंत अवधेश दास भी इस बैठक में शामिल होंगे. Also Read - इंटरव्यू: चिदंबरम ने कहा- BJP देश में निरंकुशता और नियंत्रण युग वापस लाएगी, देश पीछे जाएगा

विश्व हिंदू परिषद के उपाध्यक्ष चंपत राय, केंद्रीय मंत्री राजेंद्र सिंह भी बैठक में शामिल होंगे. उधर द्वारका-शारदापीठ एवं ज्योतिषपीठ के शंकराचार्य स्वामी स्वरूपानन्द सरस्वती ने फिर से नरेंद्र मोदी सरकार बनने के बाद उसे पिछला वादा याद दिलाते हुए कहा कि अब इस सरकार को अयोध्या में भव्य राम मंदिर की स्थापना का वादा जरूर पूरा करना चाहिए.

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