नई दिल्ली: सेना प्रमुख जनरल बिपिन रावत ने सोमवार को कहा कि जम्मू कश्मीर में मौजूदा हालात को देखते हुए उनका मानना है कि नियंत्रण रेखा के पार स्थित आतंकी ठिकानों पर एक और सर्जिकल स्ट्राइक किए जाने की जरूरत है. यह पूछे जाने पर कि क्या एक और सर्जिकल स्ट्राइक की जरूरत है, रावत ने इसका सकारात्मक जवाब दिया. समाचार चैनल इंडिया टुडे को दिए गए एक इंटरव्यू में उन्होंने कहा, ‘मेरा मानना है कि एक और कार्रवाई (सर्जिकल स्ट्राइक) की जरूरत है. लेकिन मैं यह खुलासा नहीं करना चाहता कि हम इसे कैसे अंजाम देना चाहते हैं.’ इस इंटरव्यू का प्रसारण सोमवार को हुआ. Also Read - किसानों को दुनिया की कोई सरकार नहीं रोक सकती, मोदी सरकार को वापस लेने होंगे काले कानून: राहुल गांधी

भारतीय सेना ने दो साल पहले 29 सितंबर को नियंत्रण रेखा के पार आतंकियों के ठिकानों पर सर्जिकल स्ट्राइक की थी. केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने बुधवार को कहा था कि मोदी सरकार 29 सितंबर को ‘सर्जिकल हमले’ की दूसरी वर्षगांठ मनाएगी. रेलवे मंत्री ने कहा था कि 2016 को हुए हमले ने दुनिया को दिखाया कि हम ‘‘सचमुच करने का इरादा’’ रखते हैं. इस दिन हमारे कमांडो आतंकवादियों के लॉन्च पैड को खत्म करने के लिए पाकिस्तान के कब्जे वाले क्षेत्र में घुसे थे. उन्होंने प्रियदर्शिनी अवार्ड्स में कहा, ‘‘इस महीने की 29 तारीख को सर्जिकल हमले की दूसरी वर्षगांठ होगी और हम इस दिन का जश्न मनाएंगे.’’ Also Read - PM kisan Samman Nidhi Yojana:अगले महीनें में इस दिन से आएगी 2000 रुपये की सातवीं किस्त, इस बार इतने किसानों को दिया जाएगा पैसा

गौरतलब है कि हाल ही में विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) ने देशभर के विश्वविद्यालयों और उच्चतर शिक्षण संस्थानों को निर्देश दिया कि 29 सितंबर को ‘सर्जिकल स्ट्राइक दिवस’ के तौर पर मनाएं.आयोग ने दिवस मनाने के लिए सशस्त्र बलों के बलिदान के बारे में पूर्व सैनिकों से संवाद सत्र, विशेष परेड, प्रदर्शनियों का आयोजन और सशस्त्र बलों को अपना समर्थन देने के लिए उन्हें ग्रीटिंग कार्ड भेजने समेत अन्य गतिविधियां बताई हैं. आयोग ने सभी कुलपतियों को गुरुवार को भेजे एक पत्र में कहा, ‘ सभी विश्वविद्यालयों की एनसीसी की इकाइयों को 29 सितंबर को विशेष परेड का आयोजन करना चाहिए जिसके बाद एनसीसी के कमांडर सरहद की रक्षा के तौर -तरीकों के बारे में उन्हें संबोधित करें. Also Read - PM kisan Samman Nidhi Yojana Updates: किसानों के खाते में जल्द आने वाली है 2000 रुपये की किस्त, तुरंत पैसा आने के लिए करें ये काम

विश्वविद्यालय सशस्त्र बलों के बलिदान के बारे में छात्रों को संवेदनशील करने के लिए पूर्व सैनिकों को शामिल करके संवाद सत्र का आयोजन कर सकते हैं.’ पत्र में कहा गया है, ‘‘इंडिया गेट के पास 29 सितंबर को एक मल्टीमीडिया प्रदर्शनी का आयोजन किया जाएगा. इसी तरह की प्रदर्शनियों का आयोजन राज्यों, केंद्र शासित प्रदेशों, अहम शहरों, समूचे देश की छावनियों में किया जा सकता है. इन संस्थानों को छात्रों को प्रेरित करना चाहिए और संकाय सदस्यों को इन प्रदर्शनियों में जाना चाहिए.’ भारत ने 29 सितंबर 2016 को नियंत्रण रेखा के पार आतंकवादियों के सात अड्डों पर लक्षित हमले किए थे. सेना ने कहा था कि विशेष बलों ने पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर से घुसपैठ की तैयारी में जुटे आतंकवादियों को भारी नुकसान पहुंचाया है.