जम्मू: जम्मू-कश्मीर में पीडीपी की मेहबूबा सरकार से अलग होने के बाद बीजेपी एक बार फिर अपने पुराने मुद्दों पर प्रतिबद्धता जताई है. जम्मू कश्मीर के पीडीपी के नेतृत्व वाली सरकार से समर्थन लेने के कुछ दिन बाद भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव और सांसद अनिल जैन ने मंगलवार को कहा कि उनकी पार्टी राज्य को विशेष दर्जा देने वाली धारा 370 को रद्द करने समेत पांच मुद्दों के प्रति प्रतिबद्ध है.

पार्टी की प्रतिबद्धताओं वाली दूसरी चीजों में ”समान नागरिक संहिता, राम मंदिर, गंगा और गाय” का जिक्र करते हुए जैन ने कहा कि इन मुद्दों को देश की विकास की स्थिति के आधार पर सिर्फ कुछ विलंबित किया जा सकता है. बीजेपी के महासचिव जैन ने मीडियाकर्मियों से कहा, ”मैं अपनी बात को लेकर गंभीर हूं … बीजेपी गाय , गंगा , समान नागरिक संहिता , धारा 370 और राम मंदिर को लेकर प्रतिबद्ध है. जो हालात बन रहे हैं उन्हें देखते हुए इनमें से एक या दो को पूरा करने में वक्त लग सकता है. ’’ उन्होंने कहा कि भाजपा कुछ भी भूली नहीं है और वह धारा 370 को रद्द करने के लिये प्रतिबद्ध है.

समर्थन वापसी इसलिए की
पीडीपी से समर्थन वापसी के मुद्दे पर बीजेपी महासचिव जैन ने कहा कि यह अचानक नहीं हुआ और यह ‘कड़वा फैसला’ तब लिया गया जब महबूबा मुफ्ती ने चेतावनियों पर कोई ध्यान नहीं दिया. जैन ने कहा कि केंद्र की राय है कि जब राज्य में विकास होगा तब उसकी समस्याएं स्वत: खत्म हो जाएंगी. उन्होंने कहा, लेकिन दुर्भाग्य से महबूबा के नेतृत्व वाली राज्य सरकार ने चीजों की प्राथमिकता तय नहीं की. जिसकी वजह से भाजपा को सरकार से समर्थन वापस लेने का कड़वा फैसला लेने के लिए मजबूर होना पड़ा.

जो कुछ संभव था बीजेपी ने किया
जैन ने कहा कि भाजपा ने जो कुछ संभव था वह किया और यहां तक कि पत्थरबाजों के खिलाफ मामले वापस लेने और रमजान के पवित्र महीने में संघर्ष विराम जैसे फैसले लिए. उन्होंने कहा, हमने यथासंभव प्रयास किया और समूचे राष्ट्र और दुनिया ने देखा कि हमारे प्रयास गंभीर और ईमानदार थे.

अचानक फैसला नहीं लिया
भाजपा नेता ने कहा, यह फैसला अचानक नहीं लिया गया, हमनें अपने मंत्रियों यहां तक कि उपमुख्यमंत्री के जरिये भी उनतक बात पहुंचाने की कोशिश की गई. बजाए उन पर प्रतिक्रिया करने के कानून – व्यवस्था की स्थिति को और बिगड़ने दिया गया और पतन की तरफ जाने दिया गया. एक वरिष्ठ पत्रकार की हत्या होते ही हमने समर्थन वापसी का फैसला किया.

(इनपुट- एजेंसी)