रेप के आरोपी भाजपा नेता स्वामी चिन्मयानंद को गिरफ्तार कर लिया गया है. उन पर कानून की पढ़ाई करने वाली एक छात्रा ने रेप का आरोप लगाया है. पिछले कई दिनों से चल रहे इस मामले की जांच एसआईटी कर रही है. विशेष जांच दल (एसआईटी) ने चिन्मयानंद को उनके आवास ‘दिव्य धाम’ से शुक्रवार सुबह गिरफ्तार कर लिया. चिन्मयानंद की अधिवक्ता ने यह जानकारी दी. चिन्मयानंद को दिव्य धाम से गिरफ्तार करने के बाद उन्हें शाहजहांपुर के राजकीय मेडिकल कॉलेज में चिकित्सीय परीक्षण के लिए ले जाया गया.

एक दिन पहले गुरुवार को चिन्मयानंद की तबियत बिगड़ गई थी. इसके बाद उनको लखनऊ के केजीएमयू रेफर किया गया था लेकिन उन्होंने अपना इलाज आयुर्वेद से कराने की बात कहकर मेडिकल कॉलेज से शाहजहांपुर स्थित अपने आश्रम लौट गए.

चिन्मयानंद को स्वास्थ्य खराब होने के कारण शाहजहांपुर के मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया था जहां हालत ज्यादा खराब होने के चलते उन्हें डॉक्टरों ने केजीएमसी लखनऊ रेफर कर दिया. परंतु चिन्मयानंद अपना इलाज आयुर्वेद से कराने की बात कहकर मेडिकल कॉलेज से अपने आश्रम लौट गए. राजकीय मेडिकल कॉलेज की जन संपर्क अधिकारी डॉक्टर पूजा पांडे ने बताया कि चिन्मयानंद को यहां मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया था. उनको डायबिटीज, दस्त और हाई ब्लड प्रेशर की दिक्कत थी.

उन्होंने बताया कि इसके अलावा उनके हृदय में रक्त की आपूर्ति कत हो रही थी. उनकी आयु 72 वर्ष है, ऐसे में दिल का दौरा पड़ने का भी खतरा है. डॉक्टर पूजा ने बताया कि इसी कारण चिन्मयानंद को केजीएमसी लखनऊ रेफर किया गया. दूसरी ओर चिन्मयानंद के अधिवक्ता ओम सिंह ने बताया कि मेडिकल कॉलेज के डॉक्टरों ने चिन्मयानंद को केजीएमसी रेफर किया था लेकिन वह वहां न जाकर अपने दिव्य धाम वापस आ गए हैं. उनका कहना है कि वह आयुर्वेद पद्धति से अपना इलाज कराएंगे और ठीक हो जाएंगे. अधिवक्ता के मुताबिक आयुर्वेद के डॉक्टर चिन्मयानंद के आवास पर पहुंच गए हैं और उनका इलाज शुरू कर दिया है.

इससे पहले विधि की छात्रा के साथ कथित बलात्कार के मामले में चिन्मयानंद के एक इंटर कॉलेज में अध्यापन का कार्य कर रही पीड़िता की मां से जुड़े सभी रिकॉर्ड कॉलेज प्राचार्य ने गुरुवार को विशेष जांच दल (एसआईटी) को सौंपे. मुमुक्षु आश्रम के प्रशासनिक सूत्रों ने आज बताया कि पीड़िता की मां को मई 2019 में चिन्मयानंद के स्वामी शुकदेवानंद विधि महाविद्यालय में बतौर अध्यापक नियुक्त की गई थी. एसआईटी ने इससे जुड़ी पूरी जानकारी मांगी थी, जो प्राचार्य ने आज उन्हें सौंप दी.

चिन्मयानंद पर लगे बलात्कार और अन्य आरोपों के मामले में एसआईटी भाजपा नेता की ओर से दर्ज कराए गए रंगदारी के मामले, पीड़िता के पिता की ओर से दर्ज कराए गए अपहरण एवं जान से मारने की धमकी के मामले और पीड़िता द्वारा दिल्ली में दिए गए 12 पेज के प्रार्थना पत्र को आधार बनाकर जांच कर रही है. एसआईटी प्रमुख नवीन अरोड़ा ने गुरुवार को संवाददाता सम्मेलन के दौरान कहा था कि हमें 23 सितंबर तक पूरी जांच रिपोर्ट इलाहाबाद उच्च न्यायालय को देनी है. हम विवेचना में दोनों मामलों में कड़ी से कड़ी जोड़ रहे हैं.