Special Corona Fees of 70 percent tax on MRP of Liquor in Delhi: दिल्ली की केजरीवाल सरकार ने सोमवार रात शराब बिक्री को लेकर बड़ा फैसला किया. सरकार ने दिल्‍ली में शराब पर कोरोना टैक्‍स लगा दिया है. अब दिल्‍ली में शराब पहले से 70 फीसद महंगी मिलेगी. शराब के ये बढ़े दाम आज यानी मंगलवार से लागू होंगे. सरकार के आदेश के अनुसार शराब की बिक्री पर ‘स्पेशल कोरोना फीस’ के नाम पर एमआरपी पर 70% नया टैक्स लगेगा. अब पहले जो शराब की एक बोतल आपको 1000 रुपये में मिलती थी वो अब 1700 रुपये में मिलेगी. सरकार के इस कदम से कोरोना वायरस की रोकथाम के लिए लागू लॉकडाउन से बुरी तरह प्रभावित राजस्व को बढ़ावा मिलेगा. सूत्रों के मुताबिक, “शराब की बोतलों के एमआरपी पर 70 प्रतिशत “विशेष कोरोना शुल्क”लगा दिया गया है. नए मूल्य मंगलवार से प्रभावी होंगे.” Also Read - Delhi Coronavirus Update: लॉकडाउन में ढील के बाद बढ़े केस, सीएम बोले, चिंता की बात नहीं, मामले 13 हजार के पार

बता दें कि पूरी दिल्ली रेड जोन में है. ऐसे में सोमवार को शराब की दुकानों पर काफी लंबी भीड़ देखने को मिली. जिसको देखते हुए मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा कि सरकार उन इलाकों से लॉकडाउन रियायतें वापस ले लेगी, जहां के लोग सामाजिक दूरी संबंधी नियमों का पालन नहीं करेंगे. उनकी यह घोषणा उन खबरों के बीच की गई है जिनमें कहा गया था कि राष्ट्रीय राजधानी के कई इलाकों में लोगों ने शराब की दुकानों पर सामाजिक दूरी संबंधी नियमों का पालन नहीं किया. Also Read - Coronavirus in Delhi: 13 हजार के पार पहुंची संक्रमितों की संख्या, 24 घंटे में 30 लोगों की हुई मौत

इससे पहले दिन में देश में सोमवार से लागू तीसरे चरण के लॉकडाउन में प्रतिबंधों में छूट मिलते ही, शराब की दुकानों पर भारी भीड़ उमड़ पड़ी, सड़कों पर काफी संख्या में वाहन उतर गए और कैब सेवाएं शुरू हो गईं. कोरोना वायरस से लोगों के ठीक होने की दर बढ़ते ही, तीसरे चरण के लॉकडाउन में निरूद्ध क्षेत्रों को छोड़कर बाकी स्थानों पर कई रियायतें दी गई हैं. सरकार कोविड-19 पर अंकुश लगाने और अर्थव्यवस्था की पुनर्बहाली के बीच संतुलन बिठा रही है. इसी के तहत ऑटो से लेकर कपड़ा उद्योग, शराब से लेकर रसायन एवं उर्वरक कंपनियों ने संबंधित राज्य सरकारों से अनुमति हासिल कर उत्पादन कार्य प्रारंभ कर दिया है. Also Read - Latest liquor Price in Delhi: आज से दिल्ली में खुल सकेंगी शराब की 66 निजी दुकानें, केजरीवाल सरकार ने दी इजाजत

उत्पादकों ने स्टॉक एक्सचेंज को सूचित किया है कि उन्होंने सुरक्षा प्रोटोकॉल का पालन करते हुए आंशिक तौर पर अपनी फैक्टरियां शुरू कर दी हैं. केंद्रीय गृह मंत्रालय ने भी राज्यों और केंद्र शासित क्षेत्रों से कहा है कि अंतरराज्यीय ट्रक एवं मालवाहक वाहनों की बेरोकटोक आवाजाही सुनिश्चित करें. मंत्रालय ने यह भी कहा है कि यह आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति और लॉकडाउन के दौरान अर्थव्यवस्था के पहिए को चलाने के लिए आवश्यक हैं. ट्रांसपोर्टरों की सर्वोच्च संस्था अखिल भारतीय मोटर ट्रांसपोर्ट कांग्रेस (एआईएमटीसी) ने केंद्र से अपील की थी कि माल ढोने वाले ट्रकों की बेरोकटोक आवाजाही सुनिश्चित की जाए जिसके बाद केंद्र ने यह निर्देश दिए हैं.

रेलवे चला रहा है ‘श्रमिक स्पेशल’ ट्रेनें
रेलवे ने ‘श्रमिक स्पेशल’ रेलगाड़ियां चौथे दिन भी चलाईं. गुजरात में अधिकारियों ने कहा कि अपने घरों को लौटने के लिए बेताब एक हजार से अधिक प्रवासी श्रमिकों ने सूरत जिले में पुलिस पर पथराव किया जिसमें करीब एक दर्जन पुलिसकर्मी जख्मी हो गए. उनमें एक आईजी स्तर का आईपीएस अधिकारी भी शामिल हैं. प्रवासी श्रमिकों ने राज्य के अन्य स्थानों पर भी प्रदर्शन किए.

बता दें कि केंद्र सरकार ने जिलों को कोविड-19 की स्थिति को देखते हुए ग्रीन, ऑरेंज और रेड जोन में विभाजित कर लॉकडाउन के तीसरे चरण में और रियायतें दी हैं. कोरोना वायरस के संक्रमण के प्रसार को रोकने के लिए 25 मार्च से जारी लॉकडाउन को दो बार विस्तार दिया गया है. मेट्रो रेल और नगरीय बसों जैसे सार्वजनिक परिवहन पर प्रतिबंध जारी रहने के बीच कई शहरों में भीड़भाड़ वाले स्थानों काफी कम संख्या में लोग दिखे.

दिल्ली में ट्रैफिक जाम
दिल्ली के कुछ इलाकों में भी यातायात जाम दिखा. राष्ट्रीय राजधानी में 40 दिनों बाद सरकार की तरफ से संचालित शराब की कई दुकानें खुलीं लेकिन अत्यधिक भीड़ के कारण उन्हें बंद करना पड़ा. लोगों ने सामाजिक दूरी का पालन नहीं किया जिसके बाद पुलिस को भीड़ हटाने के लिए लाठीचार्ज करना पड़ा. देश के कई हिस्से में शराब की दुकानों पर सुबह से ही लोगों की लंबी कतारें लगनी शुरू हो गईं.

गृह मंत्रालय के दिशानिर्देशों के मुताबिक, निषिद्ध क्षेत्रों को छोड़कर तीनों जोन में शराब की दुकानें और पान की दुकानों को खोलने की अनुमति होगी जबकि वहां दो लोगों के बीच छह फुट की दूरी बनाए रखनी होगी और सुनिश्चित करना होगा कि दुकान के अंदर एक समय पांच से अधिक लोग मौजूद नहीं हों.

(इनपुट भाषा)