नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मुख्यमंत्रियों के साथ कोरोना वायरस महामारी पर रोकथाम तथा आर्थिक गतिविधियों को सावधानी के साथ फिर गति देने के तरीकों पर सोमवार को एक बार और चर्चा की. कोरोना वायरस संकट पैदा होने के बाद मोदी की मुख्यमंत्रियों के साथ वीडियो कांफ्रेंस के जरिये यह पांचवीं बातचीत है. पिछली चर्चा 27 अप्रैल को हुई थी. मुख्यमंत्रियों के साथ बैठक में पीएम नरेंद्र मोदी ने कहा कि सभी राज्य मिलकर काम कर रहे हैं और कैबिनेट सचिव, राज्यों के सचिव से लगातार संपर्क में हैं. उन्होंने कहा कि सभी अधिक फोकस रखें और सक्रियता बढ़ाएं. पीएम ने कहा कि संतुलित रणनीति से आगे बढ़ें. Also Read - Coronavirus: धार्मिक स्‍थलों के लिए SOP जारी, घंटी, मूर्ति छूना है प्रतिबंधित, पढ़ें नियम

मुख्यमंत्रियों से संवाद के दौरान प्रधानमंत्री के साथ रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, गृह मंत्री अमित शाह, वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण और स्वास्थ्य मंत्री हर्षवर्धन भी मौजूद रहे. प्रधानमंत्री ने कहा, “अब आगे की चुनौतियां क्या हैं, मार्ग क्या है, इस पर काम करें. आप सभी के सुझावों से दिशानिर्देश निर्धारित होंगे. भारत इस संकट से अपने आप को बचाने में बहुत हद तक सफल हुआ.” प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि राज्यों ने अपनी जिम्मेदारी बखूबी निभाई है. Also Read - विशेषज्ञों का दावा, एचसीक्यू का दोबारा क्लिनिकल ट्रायल शुरू होना सही दिशा में उठाया गया कदम

साथ ही उन्होंने ये भी कहा कि दो गज की दूरी में ढिलाई दी गई तो संकट बढ़ेगा. पीएम ने कहा, “हम लॉक डाउन कैसे लागू कर रहे हैं, यह बड़ा विषय रहा, हम सब की भूमिका महत्वपूर्ण रही. हमारे प्रयास रहे कि जो जहां है वहीं रहे, लेकिन मनुष्य का मन है और हमें कुछ निर्णय बदलने भी पड़े. गांव तक यह संकट न पहुंचे, अब यही चुनौती है. आप सब आर्थिक विषयों पर अपने सुझाव दें.” Also Read - भारतीय कंपनी ने कोरोना वायरस के इलाज के लिए इस आयुर्वेदिक दवा का शुरू किया क्लिनिकल ट्रायल

सोमवार के वीडियो कांफ्रेंस में प्रवासी मजदूरों के वापस गांव की ओर पलायन तथा इससे आर्थिक गतिविधियों को सामान्य बनाने में दिक्कतों पर भी चर्चा की. चूंकि कई मुख्यमंत्रियों ने यह शिकायत की है कि 27 अप्रैल को हुई बैठक में उन्हें बोलने का मौका नहीं दिया गया, अत: इस बैठक में कोशिश की जाएगी कि भाग ले रहे सभी मुख्यमंत्रियों को बोलने का मौका दिया जाये.

आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री वाईएस जगनमोहन रेड्डी, पंजाब के मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह, बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार, उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और अरुणाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री पेमा खांडू समेत कई मुख्यमंत्री इस बैठक में शामिल हुए.