बिलासपुर, 8 फरवरी | छत्तीसगढ़ के बहुचर्चित पत्रकार सुशील पाठक हत्याकांड में रिश्वत लेने के मामले में दिल्ली सीबीआई जांच टीम के सभी सदस्यों को आरोपी बनने के लिए जारी नोटिस पर उच्च न्यायालय ने रोक लगा दी है। पत्रकार सुशील पाठक हत्याकांड की जांच कर रहे दिल्ली सीबीआई के अधिकारियों को भिलाई सीबीआई के अधिकारियों ने एक शख्स राम रहमी से रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया था। इस मामले में सीबीआई ने जांच दल में शामिल लक्ष्मी नारायण शर्मा व बिचौलिया को तुरंत गिरफ्तार किया। विवेचना के बाद सीबीआई के एडिशनल एसपी डी.के. राय को भी गिरफ्तार कर रायपुर में सीबीआई की विशेष अदालत में पेश किया गया।

इस मामले में सीबीआई अदालत ने जांच टीम में शामिल सभी सदस्यों को आरोपी बनाकर चालान पेश करने का नोटिस जारी किया था। इस नोटिस के खिलाफ टीम में शामिल अन्य अधिकारियों ने हाईकोर्ट में याचिका दाखिल की। याचिका में कहा गया कि रिश्वतकांड में उनका कोई हाथ नहीं है। इस कारण अन्य को आरोपी बनाया जाना अनुचित है। इसके लिए शासन से धारा 19 के तहत अनुमति भी नहीं ली गई।

हाईकोर्ट ने याचिका पर सुनवाई के बाद अन्य अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई पर रोक लगा दी है।