नई दिल्लीः दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने गुरुवार को घोषणा की कि राष्ट्रीय राजधानी में चल रहीं 5,500 डीटीसी बसों और कलस्टर स्टेट ट्रांसपोर्ट की बसों में तीन सीसीटीवी कैमरे, 10 पैनिक बटन और जीपीएस आधारित ऑटोमेटिक व्हीकल लोकेशन सिस्टम लगाने के प्रस्ताव को कैबिनेट का अनुमोदन कर दिया है. यहां मीडिया से मुखातिब, केजरीवाल ने कहा कि इस परियोजना की अनुमानित लागत लगभग 150 करोड़ रुपए है और इसके सात महीने के अंदर पूरा होने की उम्मीद है.Also Read - Mukhyamantri Tirth Yatra Yojana: दिल्ली सरकार ने मुख्यमंत्री तीर्थयात्रा योजना में करतारपुर साहिब को शामिल किया

Also Read - Delhi News: तीन दिसंबर से शुरू हो रही है मुख्यमंत्री तीर्थ योजना, जानिए क्या हैं शर्तें, कैसे करें अप्लाई

उन्होंने कहा, “शुरुआत में 100 बसों में कैमरे, जीपीएस और पैनिक बटन लगाए जाएंगे. इन 100 बसों में लगने वाले सिस्टम इस महीने के अंत तक काम करने लगेंगे.” मुख्यमंत्री ने कहा कि महिलाओं की सुरक्षा बढ़ाने के लिए यह फैसला लिया गया है. लोग यह भी देख सकेंगे कि बसें किस जगह हैं और कितना समय लग रहा है. Also Read - Delhi Pollution Lockdown हुआ खत्म, दिल्ली में 29 नवंबर से खुलेंगे स्कूल, सरकारी दफ्तर भी, जानिए पूरी खबर

उन्नाव रेप पीड़िता को एयरलिफ्ट कर लाया गया दिल्ली, सफदरजंग अस्पताल में होगा इलाज

केजरीवाल ने कहा कि एक मोबाइल अप्लीकेशन लांच किया जाएगा जिससे लोग बस की टाइमिंग देख सकेंगे. अप्लीकेशन तैयार कर लिया गया है. उन्होंने कहा कि सभी नई बसें सीसीटीवी कैमरा, पैनिक बटन और जीपीएस से लैस होंगे. उन्होंने कहा कि बस स्टॉप पर भी पैसेंजर इनफारमेशन सिस्टम होगा जिससे लोगों को पता चलेगा कि अगली बस कब आएगी. उन्होंने कहा कि पैनिक बटन दबाते ही कंट्रोल रूम में सूचना पहुंच जाएगी और तत्काल मदद मुहैया कराई जाएगी.

मुख्यमंत्री ने कहा कि सभी बसों के लिए एक कमांड सेंटर बनाया जाएगा. क्या इस उद्देश्य के लिए सरकार निर्भया फंड का उपयोग कर रही है, यह पूछे जाने पर उन्होंने कहा कि केंद्र ने बसों में सीसीटीवी लगाने के लिए इस फंड से पैसे देने से मना कर दिया.