नई दिल्ली. नौसेना प्रमुख एडमिरल सुनील लांबा ने मंगलवार को कहा कि पुलवामा हमले को भारत को अस्थिर करने की चाहत रखने वाले ‘‘एक देश से सहायता प्राप्त’’ चरमपंथियों ने अंजाम दिया था. लांबा ने हिन्द-प्रशांत क्षेत्रीय संवाद में रक्षा क्षेत्र से जुड़े वैश्विक विशेषज्ञों और राजनयिकों को संबोधित करते हुए कहा कि हाल के वर्षों में क्षेत्र ने कई तरह का आतंकवाद देखा है और विश्व के इस हिस्से में कुछ ही देश इसकी जद में आने से बच पाए हैं. Also Read - J&K Shopian encounter: एनकाउंटर में मारा गया जैश-ए-मोहम्मद का चीफ कमांडर Sajjad Afghani

उन्होंने कहा कि आतंकवाद ने हाल में जो वैश्विक रुख अख्तियार किया है, उससे यह खतरा और बढ़ गया है. नौसेना प्रमुख ने कहा कि भारत को हालांकि ‘‘काफी अधिक गंभीर’’ आतंकवाद का सामना करना पड़ा है. उन्होंने कहा, हाल में लगभग तीन सप्ताह पहले जम्मू कश्मीर में चरमपंथी हमला हुआ. इस हिंसा को भारत को अस्थिर करने की चाहत रखने वाले एक देश से सहायता प्राप्त चरमपंथियों ने अंजाम दिया. Also Read - UP Crime News: लखनऊ में PFI कमांडर समेत दो गिरफ्तार, निशाने पर थे कई बड़े नेता, अलर्ट जारी

समुद्री मार्ग से कर सकते हैं हमला
लांबा ने कहा, हमारे पास ऐसी भी खबरें हैं कि आतंकवादियों को समुद्री मार्ग सहित विभिन्न तरीकों से हमलों को अंजाम देने का प्रशिक्षण दिया जा रहा है. जम्मू कश्मीर के पुलवामा में 14 फरवरी को पाकिस्तान आधारित आतंकवादी संगठन जैश ए मोहम्मद द्वारा किए गए आत्मघाती हमले में केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के 40 जवान शहीद हो गए थे. Also Read - मेजर संदीप उन्नीकृष्णन पर बनेगी बायोपिक, उन आंखों में आसूं देखकर...