Amit Shah on China: लद्दाख गतिरोध के बीच चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने हाल ही में अपनी सेना से कहा कि वे “युद्ध की तैयारी के लिए अपने दिमाग और ताकत का इस्तेमाल करें.” चीन के इस बयान के एक दिन बाद शनिवार को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा कि भारत युद्ध के लिए हमेशा तैयार है. लद्दाख में चीन के साथ जारी गतिरोध के बीच केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने शनिवार को कहा कि मोदी सरकार देश की एक-एक इंच जमीन को बचाने के लिए पूरी तरह सजग है और कोई इस पर कब्जा नहीं कर सकता. शाह ने यह भी कहा कि सरकार चीन में लद्दाख के साथ गतिरोध को सुलझाने के लिए हरसंभव सैन्य और कूटनीतिक कदम उठा रही है. Also Read - कॉल सेंटर घोटालेबाज: कनाडा में छात्रों को ठग रहा था भारतीय, कई और इसमें शामिल

न्यूज 18 को दिए एक्सक्लूसिव इंटरव्यू में अमित शाह ने कहा, “हर देश की सेनाएं तैयार होती हैं. भारतीय सेना भी हमेशा युद्ध के लिए तैयार है. वह किसी भी चुनौती का जवाब देने में सक्षम है. हम अपनी एक-एक इंच जमीन के लिए जागरुक हैं, उसे हमसे कोई छीन नहीं सकता है.” उन्होंने कहा, “मुझे देश के गृह मंत्री के रूप में टिप्पणी करना उचित नहीं लगता. लेकिन मैं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के शब्दों को दोहराऊंगा. हम पहरे पर हैं और कोई भी हमारे क्षेत्र का एक इंच भी हमसे नहीं छीन सकता है.” Also Read - चीन को जवाब! मालाबार युद्धाभ्यास में अमेरिका और जापान के अलावा अब ऑस्ट्रेलिया भी होगा शामिल

गृहमंत्री ने कहा कि इस मामले को लेकर दोनों देशों की सेनाओं के अलावा डिप्लोमेटिक तरीके से भी बातचीत चल रही है. इसका निष्कर्ष जल्द निकल सकता है. हम अपने अधिकारों के लिए हमेशा अड़े रहेंगे. अमित शाह ने कहा कि हमारी सेनाएं और नेतृत्व दोनों बुलंद है, हमें कोई दबा नहीं सकता. हमारे साथ दुनिया के ज्यादातर देश हैं. Also Read - जल्द छोड़ा जाएगा हिरासत में लिया गया चीनी सैनिक, भारतीय सेना ने दिए गर्म कपड़े और खाना

आगामी बिहार विधानसभा चुनाव के संदर्भ में शाह ने विश्वास जताया कि राजग दो-तिहाई बहुमत हासिल करेगा. उन्होंने कहा कि नीतीश कुमार चुनाव के बाद राज्य के अगले मुख्यमंत्री होंगे. गृह मंत्री ने कहा कि अगले साल पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव के बाद सरकार बदलेगी और भाजपा वहां सत्ता में आएगी. उन्होंने कहा, ‘‘हमें लगता है कि हम पश्चिम बंगाल में मजबूती से लड़ेंगे और सरकार बनाएंगे.’’ उन्होंने कहा कि पश्चिम बंगाल में कानून व्यवस्था की स्थिति गंभीर है और भाजपा जैसे राजनीतिक दलों को वहां राष्ट्रपति शासन लगाने की मांग करने का हर अधिकार है.

जब शाह से पूछा गया कि बिहार में यदि भाजपा की सीटें जदयू से अधिक आती हैं तो क्या पार्टी मुख्यमंत्री पद पर दावेदारी करेगी, इस पर उन्होंने कहा, ‘‘केंद्र सरकार संविधान को ध्यान में रखते हुए और राज्यपाल की रिपोर्ट के आधार पर उचित निर्णय लेगी.’’ उन्होंने कहा, ‘‘कोई अगर, मगर की बात नहीं है. नीतीश कुमार बिहार के अगले मुख्यमंत्री होंगे. हमने सार्वजनिक घोषणा की है और हम इसे लेकर प्रतिबद्ध हैं.’’ बिहार में सत्तारूढ़ गठजोड़ से लोक जनशक्ति पार्टी के अलग होने का जिक्र करते हुए शाह ने कहा कि पार्टी को पर्याप्त संख्या में सीटों की पेशकश की गयी लेकिन फिर भी वह गठबंधन से अलग हो गयी. उन्होंने कहा, ‘‘यह उनका फैसला था, हमारा नहीं.’’