नई दिल्ली। दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के सलाहकार वीके जैन ने इस्तीफा दे दिया है. दिल्ली के मुख्य सचिव अंशु प्रकाश से मारपीट के मामले में फरवरी में वीके जैन से पूछताछ हुई थी. जैन ने अपने इस्तीफे की वजह निजी कारणों को बताया है. मामला फरवरी महीने का है जब मुख्य सचिव से सीएम केजरीवाल के आवास पर कथित मारपीट हुई थी और इस मामले में दो आप विधायकों अमानतुल्लाह खान और प्रकाश जरवाल की गिरफ्तारी हुई थी. Also Read - Delhi Coronavirus News 2 July 2020: दिल्ली में प्लाज्मा बैंक शुरू, जानिए कौन लोग दान कर सकते हैं प्लाज्मा

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पुलिस के मुताबिक, वीके जैन ने अपने बयान में कहा था कि उनके सामने सीएम आवास पर मुख्य सचिव के साथ मारपीट हुई थी. पुलिस ने अदालत में कहा कि जैन ने बयान दिया है कि जिस वक्त अंशु प्रकाश के साथ मारपीट हो रही थी सीएम केजरीवाल और डिप्टी सीएम मनीष सिसोदिया भी वहां मौजूद थे. हालांकि आम आदमी पार्टी ने कहा कि वी के जैन ने पुलिस के सामने कुछ और बयान दिया था. आप का कहना था कि दबाब में आकर जैने कोर्ट में कुछ और बयान दे रहे हैं. Also Read - केजरीवाल सरकार पर 1131 करोड़ के घोटाले का आरोप, बीजेपी ने कहा- बिजली कंपनियों के साथ मिलकर किया घोटाला

मुख्य सचिव से मारपीट मामले में आप विधायकों को राहत नहीं, 14 दिन के लिए तिहाड़ जेल भेजा गया

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आम आदमी पार्टी के वरिष्ठ नेता और राज्यसभा सांसद संजय सिंह ने कहा था कि मुख्यमंत्री के सलाहकार वीके जैन पर दबाव डालकर बयान बदलवा दिया गया. उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस ने जैन का बयान बदलवाया है. उन्होंने कहा कि दिल्ली में आप पार्टी की सरकार की छवि धूमिल करने और उसे गिराने की साजिश रची जा रही है.

पुलिस की तरफ से सरकारी वकील ने गुरुवार को जैन की ओर से दिए गए बयान को कोर्ट के सामने पेश किया था और कहा था कि हमारे पास वीके जैन का 164 का स्टेटमेंट है, जिसमें उन्होंने कहा है कि मुख्य सचिव अंशु प्रकाश को प्रकाश जरवाल और अमानतुल्ला खान ने घेरा हुआ था, उनके साथ मारपीट की और उसमें मुख्य सचिव का चश्मा भी गिर गया.