नई दिल्ली. कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं ने बुधवार को राफेल विमान सौदे को लेकर नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक (कैग) राजीव महर्षि से मुलाकात की. उन्होंने इस सौदे में कथित तौर पर हुई ‘वित्तीय अनियमितताओं’ के संदर्भ में एक निश्चित समयसीमा के भीतर ‘विशेष एवं फोरेंसिक ऑडिट’ की मांग की.

पार्टी नेताओं ने कैग को सौंपे ज्ञापन में आग्रह किया कि पूरे रिकॉर्ड की छानबीन करते हुए इसका ऑडिट होना चाहिए ताकि देश की जनता को सच का पता चल सके और मोदी सरकार की जिम्मेदारी तय हो सके. कांग्रेस के कोषाध्यक्ष अहमद पटेल, राज्यसभा में नेता प्रतिपक्ष गुलाम नबी आजाद, मुकुल वासनिक, वरिष्ठ नेता आनंद शर्मा, जयराम रमेश, रणदीप सुरजेवाला, राजीव शुक्ला और विवेक तन्खा ने कैग से मुलाकात कर उन्हें ज्ञापन सौंपा.

बता दें कि कांग्रेस का आरोप कि मोदी सरकार ने फ्रांस की कंपनी दसाल्ट से 36 राफेल लड़ाकू विमान की खरीद का जो सौदा किया है. उसका मूल्य पूर्ववर्ती संप्रग सरकार के शासनकाल में किए गये समझौते की तुलना में बहुत अधिक हैं. इससे सरकारी खजाने को हजारों करोड़ों रूपये का नुकसान हुआ है.