Navjot Sidhu Targets Punjab Again On MSP: पंजाब कांग्रेस के भीतर अंतर्कलह की बात नई नहीं है. राज्य में पार्टी के कद्दावर नेता नवजोत सिंह सिद्धू ने एक बार फिर अपनी ही पार्टी की सरकार पर निशाना साधा है. दरअसल, नवजोत सिंह सिद्धू और राज्य के मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह के बीच तकरार की बात काफी पुरानी है. इसी तरकार की वजह से सिद्धू को अमरिंदर सिंह की कैबिनेट से बाहर कर दिया गया था. इस सिद्धू ने इस ताजा टिप्पणी में एक भाजपा शासित राज्य का उदाहरण दिया है. उन्होंने कहा है कि हमें उस राज्य की कृषि नीति से सीखना चाहिए. Also Read - 6 फसलों का समर्थन मूल्य बढ़ाया गया, कृषि बिल से गुस्साए किसानों को शांत करने की कोशिश

एक तरह राज्य सरकार केंद्र सरकार के नए कृषि कानूनों को निष्प्रभावी करने के लिए विधानसभा में विधेयक पेश करने की तैयारी में है वहीं दूसरी ओर सिद्धू ने राज्य सरकार की किसानों से फसल खरीदने की नीति की आलोचना की है. सिद्धू ने राज्य सरकार के फसल खरीदने के मॉडल और अनाज भंडार की कमी व उसकी मार्केटिंग को लेकर कई बातें कही. Also Read - पंजाब में किसानों के 209 करोड़ रुपये के कर्ज माफ, 38,000 किसानों को राहत

सिद्धू ने अपने यू-ट्यूब चैनल पर एक वीडियो अपलोड कर कहा है कि आज पंजाब में धान और गेहूं के अलावे किसी भी अन्य अनाज की सरकारी खरीद का कोई मॉडल नहीं है. इतना ही नहीं, हमारे पास तो स्टोरेज की सुविधा है और न ही मार्केटिंक की. आज केंद्र सरकार के अनाज भंडार खाली पड़े हैं. वे इस साल हमारे धान खरीदेंगे और अगले साल गेंहूं. उसके बाद क्या होगा..

इससे पहले चार अक्टूबर को भी सिद्धू ने ऐसी ही टिप्पणी की थी. उन्होंने केंद्र सरकार के कृषि कानूनों के खिलाफ विरोध प्रदर्शन में यह बात कही थी. उस विरोध प्रदर्शन में मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह और राहुल गांधी भी थे. सिद्धू ने कहा था कि अगर हिमाचर प्रदेश अपने किसानों से सेब खरीद सकता है तो हम क्यों नहीं अपने किसानों से अनाज खरीद सकते हैं.

गौरतलब है कि राज्य की अमरिंदर सरकार भी केंद्र के कानून का विरोध कर रही है. लेकिन अपनी पार्टी के नेताओं से मिल रही ऐसी नसीहत से वह असहज है.