कांग्रेस नेता राहुल गांधी आपराधिक मानहानि के एक मुकदमे में अपना अंतिम बयान दर्ज कराने के लिए बृहस्पतिवार को सूरत की एक मजिस्ट्रेट अदालत में पेश हुए. गुजरात के एक विधायक ने ‘‘मोदी उपनाम’’ पर गांधी की टिप्पणी को लेकर यह मुकदमा दर्ज कराया था.Also Read - भारतीय संघर्ष कर रहे हैं और प्रधानमंत्री उनका ध्यान भटकाने में व्यस्त, राहुल गांधी ने मोदी सरकार पर साधा निशाना

सूरत से भाजपा के विधायक पूर्णेश मोदी ने भादंसं की धारा 499 और 500 के तहत अप्रैल 2019 में गांधी के खिलाफ एक शिकायत दर्ज करायी थी. एक हफ्ते पहले सूरत के मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट ए एन दवे ने मामले में अंतिम बयान दर्ज कराने के लिए गांधी को 24 जून को अदालत में मौजूद रहने का निर्देश दिया. Also Read - राहुल गांधी के कार्यालय में तोड़फोड़ को लेकर युवा कांग्रेस ने दिल्ली में सीपीआई-एम के मुख्यालय के बाहर विरोध प्रदर्शन किया

विधायक ने अपनी शिकायत में आरोप लगाया था कि गांधी ने 2019 में एक चुनावी रैली में यह कहकर पूरे मोदी समुदाय की मानहानि की कि, ‘‘ सभी चोरों का एक ही उपनाम मोदी कैसे है?’’ Also Read - राहुल गांधी के ऑफिस पर हमला, करीब 100 लोगों ने की तोड़फोड़, सीएम ने की निंदा, Video

कर्नाटक के कोलार में 13 अप्रैल 2019 को हुई चुनावी रैली में गांधी ने कथित तौर पर कहा था, ‘‘नीरव मोदी, ललित मोदी, नरेन्द्र मोदी… इन सभी का एक ही उपनाम मोदी कैसे है ? सभी चोरों का एक ही उपनाम मोदी कैसे है?’’

राहुल गांधी ने कथित तौर पर जब यह टिप्पणी की थी तब वह कांग्रेस अध्यक्ष थे. इससे पहले गांधी अक्टूबर 2019 में अदालत में पेश हुए थे और उन्होंने इस टिप्पणी के लिए खुद को दोषी नहीं माना था.