शिमला: हिमाचल प्रदेश कांग्रेस ने बुधवार को दावा किया कि राज्य भाजपा अध्यक्ष राजीव बिंदल का इस्तीफा यह दर्शाता है कि स्वास्थ्य विभाग में लगाए गए भ्रष्टाचार के आरोप सही थे. बिंदल ने अपनी नियुक्ति के साढ़े चार महीने के भीतर बुधवार को अपने पद से इस्तीफा दे दिया.Also Read - Haryana में कोरोना पाबंदियों में ढील, 50 फीसदी क्षमता के साथ खुलेंगे सिनेमाघर-मल्टीप्लेक्स; स्कूलों को लेकर यह हुआ फैसला

उन्होंने कहा कि वह इसलिए इस्तीफा दे रहे हैं क्योंकि सुनिश्चित करना चाहते हैं कि कथित भ्रष्टाचार के मामले में समुचित जांच हो. प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कुलदीप सिंह राठौर और विधायक दल के नेता मुकेश अग्निहोत्री ने एक साझा बयान में कहा कि कोरोना वायरस महामारी के बीच भी भाजपा हिमाचल प्रदेश के स्वास्थ्य विभाग में हुए ‘भ्रष्टाचार के पाप’ से छुटकारा नहीं पा सकती है. Also Read - Uttarakhand Elections 2022: अमित शाह ने रुद्र प्रयाग में किया प्रचार, काम के आधार पर मांगे वोट

उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर भी इस पूरे मामले में अपनी नैतिक जिम्मेदारी से बचकर नहीं भाग सकते क्योंकि उनके पास स्वास्थ्य विभाग का भी अतिरिक्त प्रभार था. Also Read - BJP देश की सबसे अमीर पार्टी, बसपा दूसरे और कांग्रेस तीसरे नंबर पर, जानें किसके पास कितनी संपत्ति

राज्य सतर्कता और भ्रष्टाचार रोधी ब्यूरो ने स्वास्थ्य सेवा के निदेशक अजय कुमार गुप्ता को 20 मई को गिरफ्तार किया था. यह गिरफ्तारी तब हुई जब उनका 43 सेकेंड का एक ऑडियो रिकार्डिंग वायरल हुआ, जिसमें वह किसी व्यक्ति से कथित तौर पर पांच लाख रुपये घूस के लिए कह रहे थे. प्रदेश कांग्रेस ने उच्च न्यायालय के मौजूदा न्यायाधीश से मामले की जांच कराने की मांग की क्योंकि सतर्कता ब्यूरो द्वारा की जा रही जांच में उसे भरोसा नहीं है.

(इनपुट: भाषा)