Corona Vaccination in India, Day 2: प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा शनिवार को कोरोना वायरस महामारी के खिलाफ शुरू किए गए दुनिया के सबसे बड़े टीकाकरण अभियान के तहत शनिवार को भारत में अग्रिम पंक्ति के दो लाख से ज्यादा स्वास्थ्यकर्मियों और सफाईकर्मियों को टीके की पहली खुराक दी गई. Also Read - केंद्र का राज्यों को निर्देश, 'जहां कोविड-19 के मामले बढ़ रहे हैं वहां टीकाकरण में तेजी लाएं, निजी अस्पतालों के साथ करें गठबंधन'

इसी के साथ भारत ने सबसे तेज टीका लगाने की रफ्तार में अमेरिका, ब्रिटेन और फ्रांस जैसे विकसित देशों सहित पूरी दुनिया को पीछे छोड़ दिया. ये जानकारी केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने रविवार को दी. Also Read - कोरोना की वापसी! इस राज्य के मुख्य शहर में लगा कर्फ्यू, जानें क्या है घर से नहीं निकलने की टाइमिंग

स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा, “कोरोना वैक्सीन के टीकाकरण के पहले दिन 2,07,229 लोगों को टीका लगाया गया. यह दुनिया में एक दिन में सबसे अधिक टीकाकरण करने की संख्या है. पहले दिन सबसे ज्यादा टीका लगाने के मामले में ये नंबर अमेरिका, ब्रिटेन और फ्रांस से भी ज्यादा हैं.” Also Read - चीन से दान किए गए टीकों के भरोसे पाकिस्तान, कोरोना वैक्सीन नहीं खरीदेगी इमरान सरकार!

स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा कि आज (रविवार) वैक्सीनेशन के दूसरे दिन 6 राज्यों- आंध्र प्रदेश, अरुणाचल, केरल, कर्नाटक, मणिपुर और तमिलनाडु में वैक्सीनेशन के 553 सेशन आयोजित किए गए, जिनमें 17,072 लोगों को वैक्सीन लगाई गई. स्वास्थ्य मंत्रालय के अतिरिक्त सचिव डॉ मनोहर अगनानी ने बताया कि अब तक कुल 2,24,301 लोगों को वैक्सीन लगाई गई है.

मंत्रालय ने कहा कि रविवार का दिन होने के चलते, आज सिर्फ छह राज्यों ने कोरोना वायरस टीकाकरण अभियान चलाया और कुल 17,072 लाभार्थियों को टीका लगाया गया.

उन्होंने कहा कि टीके लगाये जाने के बाद अब तक कुल 447 प्रतिकूल प्रभाव के मामले सामने आये हैं, जिनमें से सिर्फ तीन मामलों में टीका लगवाने वाले व्यक्ति को अस्पताल में भर्ती करने की जरूरत पड़ी. मंत्रालय ने बताया कि टीका लगाने के बाद प्रतिकूल प्रभाव के ज्यादातर मामलों में बुखार, सिरदर्द, उल्टी जैसी स्वास्थ्य संबंधी मामूली समस्याएं देखने को मिली हैं.