आगरा: कोरोना वायरस (Corona Virus) के चलते हुए लॉकडाउन (Lockdown) से कई लोग जहां थे वहीं फंस गए. कई लोग अपने घरों में नहीं जा पाए. इसी तरह राजस्थान के कोटा में पढ़ने वाले स्टूडेंट्स भी वहां फंस गए. उत्तर प्रदेश के स्टूडेंट्स को कोटा से निकालने के लिए यूपी सरकार आगे आई है. योगी आदित्यनाथ सरकार ने इन स्टूडेंट्स को निकालने के लिए आज 200 बसें रवाना की हैं. ये बसें इन स्टूडेंट्स को लेकर आएंगीं. कोटा में हज़ारों संख्या में स्टूडेंट्स फंसे हुए हैं. Also Read - Circus: कहीं खो ना जाएं जोकर, रिंग मास्टर, करतब दिखाते शेर, हाथी, मौत के कुएं में दौड़ती मोटरसाइकिल...

एसपी प्रमोद कुमार ने बताया कि एक बस में 25 से 30 बच्चे बैठेंगे और साथ में दो पुलिसकर्मी आगरा से भेजे जा रहे हैं. एसपी के मुताबिक पुलिसवालों को मास्क और सैनिटाइजर साथ में दिए जा रहे हैं. एसपी ने कहा कि शनिवार को बच्चे यहां पहुंच जाएंगे,. इसके बाद मेडिकल चेकअप होगा और फिर उन्हें घर भेज दिया जाएगा. Also Read - Unlock 5 की गाइडलाइंस नवंबर तक रहेंगी प्रभावी, कन्टेन्मेंट जोन में सख्ती के साथ जारी रहेगा लॉकडाउन : गृह मंत्रालय

एसडीएम सिटी प्रभाकांत शर्मा ने बताया कि 200 बसें यहां से भेजी जा रही हैं जबकि 100 बसें कोटा में खड़ी हैं. इनकी मदद से 6000 बच्चों को वहां से लाया जाएगा और उनके आवास पर छोड़ा जाएगा. प्रभाकांत शर्मा ने कहा कि हम पूरी कोशिश करेंगे कि सोशल डिस्टेंसिंग बनी रहे, इसलिए 25 से 30 बच्चे ही सिर्फ बस में आएंगे .उनके खाने-पीने का इंतजाम भी किया जा रहा है.साथ में जो पुलिस कर्मी जाएंगे ,उनके लिए और अन्य बच्चों के लिए मास्क और सैनिटाइजर भी दिया गया है. Also Read - फिल्म सिटी के बाद अब उप्र में बनेगा पहला डाटा सेंटर पार्क, 600 करोड़ रुपये की परियोजना को मिली मंजूरी

उत्तर प्रदेश के कोरोना वायरस के 823 मामले सामने आ चुके हैं. जबकि राजस्थान में कोरोना के 1100 से अधिक मामले सामने आ चुके हैं. देश में अब तक 13387 मामले सामने आ चुके हैं. जबकि 437 लोगों की मौत हो चुकी है. 1749 लोग ठीक भी हुए हैं. दुनिया भर में करीब 21 लाख मामले सामने आए हैं. करीब 1, 40000 लोगों की मौत हो चुकी है. कोरोना का अब तक कोई टीका या दवा नहीं बन पाई है. ऐसे में सोशल डिस्टेंसिंग ही एकमात्र उपाय है. इसीलिए देश में 3 मई तक लॉकडाउन किया गया है.