लखनऊ: विश्वव्यापी कोरोना वायरस प्रकोप को लेकर लखनऊ में दारूल उलूम ने एक फतवा जारी कर कहा है कि कोरोनो वायरस का परीक्षण और उपचार सभी के लिए महत्वपूर्ण है और इस बीमारी को छिपाना अपराध है. मुस्लिम धर्मगुरु मौलाना खालिद रशीद फिरंगी महली ने अपने जारी फतवे में कहा है कि कोरोना वायरस की जद में आए लोगों को अपना टेस्ट कराना चाहिए और इलाज भी जरूरी है. Also Read - Eid Al-Adha 2020: इस बार कुछ अलग होगी बकरीद, मुस्लिम धर्मगुरुओं बोले- कुर्बानी भी...

मुस्लिम धर्मगुरु मौलाना खालिद रशीद फिरंगी महली ने कहा कि इस्लाम में एक इंसान की जान बचाना कई इंसानों की जान बचाने जैसा है. इसको छिपाना कतई जायज नहीं है. अगर लोग महामारी में अपना इलाज और टेस्ट नहीं कराते हैं लोग, तो ये बिल्कुल गैरशरई काम है. इस बीमारी को छिपाना अपराध है. Also Read - देश में आर्थिक संकट पर शरद पवार बोले- भारत को इस समय एक मनमोहन सिंह की जरूरत

उलूम फिरंगी महल ने कहा कि इसके लिए सरकार ने जो निर्देश दिए हैं, उसका पालन करना चाहिए. डॉक्टर ने जो उपाय बताए है, उसका पालन बहुत जरूरी है. हर इंसान को दूसरे की जान बचाने का फर्ज निभना चाहिए. इसको छिपाना एक संगीन जुर्म है. इसमें एतिहात बहुत जरूरी है. मुस्लिम धर्मगुरु मौलाना फिरंगी महली ने कहा कि खुद की जान और दूसरों की जान खतरे में डालना इस्लाम में मना है. Also Read - Corona Virus in Bihar: बिहार में कोरोना संक्रमितों की संख्या 16 हज़ार पार, इन जिलों का बुरा है हाल

बता दें कि कई जगहों से ख़बरें आ रही हैं कि कुछ लोग कोरोना की जांच कराने से बच रहे हैं. पीएम मोदी ने आज ही सभी सम्प्रदायों के धर्मगुरुओं से अपील की थी कि वह लोगों से सहयोग के लिए कहें. देश में कोरोना के अब तक 2000 से अधिक मामले हो चुके हैं. जबकि 50 से अधिक मौत हो चुकी है. दुनिया में अब तक 50 हज़ार से अधिक की मौत हो चुकी है. जबकि 10 लाख से अधिक संक्रमित हो चुके हैं.