रायपुर: कोरोनावायरस के संक्रमण से बचाव और रोकथाम के उपायों के तहत चल रहे लॉकडाउन के दौरान छत्तीसगढ़ के सभी शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में 62 हजार 172 गरीबों और जरूरतमंद परिवारों को निशुल्क भोजन और राशन सामग्री उपलब्ध कराई जा रही है. छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने सभी जिला कलेक्टरों को इस कार्य को पूरी संवेदनशीलता से करने के निर्देश दिए हैं. उन्होंने कहा है कि इस चुनौतीपूर्ण समय में कोई भी व्यक्ति भूखा न रहे. Also Read - Summer Vacation Begins in Delhi Schools: दिल्ली के स्कूलों में अब इस दिन से गर्मी की छुट्टियां

मुख्यमंत्री के आह्वान पर अनेक समाजसेवी संस्थाएं गरीबों और जरूरतमंद परिवारों की मदद के लिए सामने आईं और जिला प्रशासन के अधिकारियों के साथ कंधे से कंधा मिलाकर इस कार्य में सहयोग दे रही हैं. राज्य सरकार की ओर से जारी बयान के अनुसार, छत्तीसगढ़ में 62 हजार 172 लोगों को भोजन और राशन सामग्री उपलब्ध कराई गई है. प्रदेश में संबंधित जिलों में जिला प्रशासन द्वारा 14 हजार 467 व्यक्तियों और 4015 परिवारों को निशुल्क राशन सामग्री वितरित की गई है, जबकि 28 हजार 227 लोगों के भोजन की व्यवस्था की गई है. Also Read - कोविड-19 के खिलाफ लड़ाई में टीकाकरण सबसे बड़ा हथियार: पीएम मोदी

बयान के अनुसार, समाजसेवी संगठनों द्वारा पूरे प्रदेश में 18 हजार 638 व्यक्तियों और 18 हजार 97 परिवारों के लिए भोजन और निशुल्क राशन सामग्री का प्रबंध किया गया है. राजधानी रायपुर में नौ हजार व्यक्तियों और 22 हजार परिवारों को भोजन और राशन सामग्री उपलब्ध कराई गई है. रायपुर में 9000 लोगों के लिए भोजन की व्यवस्था की गई है, जबकि 4000 जरूरतमंद परिवारों को निशुल्क राशन सामग्री वितरित की गई है. इसके अलावा स्वयंसेवी संगठनों द्वारा 18 हजार परिवारों के लिए भोजन और राशन की व्यवस्था की गई है. Also Read - अब दिल्ली के किसी भी स्टेशन पर नहीं मिलेंगे प्लेटफॉर्म टिकट, जानिए क्यों लिया गया ये फैसला