नई दिल्ली: देश में तेजी से बढ़ रहे कोरोना वायरस संक्रमण को ध्यान में रखते हुए केन्द्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने सोमवार को चौबीसों घंटे काम करने वाला एक टोल-फ्री राष्ट्रीय हेल्पलाइन नंबर ‘1075’ जारी किया. इसपर संक्रमण से जुड़े सवाल पूछे जा सकते हैं. मंत्रालय के अधिकारियों ने बताया कि इससे पहले जारी हेल्पलाइन नंबर 011-23978046 भी चालू रहेगा. टोल-फ्री नंबरों के अलावा मंत्रालय ने एक हेल्पलाइन ईमेल आईडी ncov2019@gmail.com. भी जारी की है. Also Read - Covid-19: देश में कोरोना संक्रमितों की संख्या 5000 के करीब, लॉकडाउन बढ़ाने पर विचार कर रही है सरकार

अधिकारियों ने सोमवार को बताया कि लद्दाख, जम्मू-कश्मीर और केरल में सोमवार को संक्रमण का एक-एक नया मामला सामने आने के साथ देश में कुल संक्रमितों की संख्या 114 पहुंच गई है. स्वास्थ्य मंत्रालय के अधिकारियों ने सोमवार को बताया कि इनमें से 13 लोगों को ठीक होने पर अस्पताल से छुट्टी दी जा चुकी है जबकि दो लोगों की मौत हुई है. संक्रमितों में 17 विदेशी शामिल है. उन्होंने बताया कि देश के 15 राज्य और केंद्र शासित प्रदेशों में कोरोना वायरस संक्रमण के मामले सामने आए हैं. Also Read - केंद्र सरकार को हाई कोर्ट का निर्देश, झारखंड को तत्काल दस हजार टेस्ट किट और 25 हजार पीपीई मुहैया कराएं

मदद के लिए विदेश मंत्रालय ने जारी की हेल्पलाइन
कोरोना वायरस के खतरे के बीच मदद के लिए विदेश मंत्रालय ने सोमवार को हेल्पलाइन नंबर जारी किया. विदेश में रहने वाले भारतीयों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए विदेश मंत्रालय सभी प्रकार के उपाय कर रहा है और इस महामारी से लड़ने के लिए एक विशेष प्रकोष्ठ बनाया गया है. विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रवीश कुमार ने ट्वीट किया, “सभी का सहयोग अपेक्षित है! कोविड-19 नियंत्रण केंद्र के लिए भारत के विदेश मंत्रालय की हेल्पलाइन खुली है. नियंत्रण कक्ष: 1800118797 (टोल फ्री), +91-11-23012113, +91-11-23014104, +91-11-23017905 Also Read - Covid-19: सांसदों का वेतन घटाने के लिए अध्यादेश जारी, अब हर महीने उठाना होगा 27 हजार रूपये का नुकसान

कोरोना वायरस से संबंधित विषयों की सूचना देने वालों के लिए उन्होंने एक फैक्स नंबर +91-011-23018158 और ईमेल का पता “कोविड19 एट एमईए डॉट जीओवी डॉट इन” भी साझा किया. अतिरिक्त सचिव दम्मु रवि को कोरोना वायरस संबंधित प्रतिक्रियाओं के समन्वय के लिए नियुक्त किया गया है. अधिकारियों ने बताया कि उनकी सहायता के लिए चार अन्य अधिकारियों और कर्मचारियों को नियुक्त किया गया है.

(इनपुट भाषा)