नई दिल्ली: कोरोना वायरस के संक्रमण को रोकने के लिए विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) दुनिया भर के 100 से ज्यादा देशों की मदद करेगा. इस मदद के तहत कोरोना वायरस को पहचानने व संक्रमण रोकने के लिए आवश्यक उपकरण मुहैया कराए जा रहे हैं. पहली खेप के तौर पर डब्ल्यूएचओ ने 69 अलग-अलग देशों को 12000 किलोग्राम राहत सामग्री भेजी है. विश्व स्वास्थ्य संगठन की ओर से किए गए ट्वीट के मुताबिक, 29 एशियाई एवं अफ्रीकी देशों को कोरोना वायरस की पहचान करने वाले उपकरण भेजे जा चुके हैं. अगले एक सप्ताह में 40 अन्य देशों को वायरस की पहचान व रोकथाम में उपयोगी उपकरण मुहैया कराए जाएंगे. Also Read - Lockdown Extended In Delhi: दिल्‍ली में लॉकडाउन एक हफ्ते बढ़ाया, CM केजरीवाल ने किया ऐलान

चीन में अभी तक 2,000 से अधिक लोग कोरोना वायरस की चपेट में आने से अपनी जान गंवा चुके हैं. वहीं चीन के अलग-अलग शहरों में 74 हजार से अधिक लोग कोरोना वायरस संक्रमण से ग्रस्त हैं. इन सभी रोगियों को एकांत वार्ड वाले चीन के विशेष अस्पतालों में रखा गया है. Also Read - COVID-19 Cases Today: देश में कोरोना संक्रमण से फिर नई मौतें का आंकड़ा 4 हजार के पार, 3.11 लाख नए केस

डब्ल्यूएचओ के मुताबिक, कोरोना वायरस की रोकथाम में उपयोगी उपकरणों की अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर कमी सामने आई है. इस कमी को दूर करने के लिए डब्ल्यूएचओ ने संबंधित राष्ट्रों को आवश्यक उपकरण भेजना शुरू कर दिया है. इसके तहत कोरोना वायरस के उपचार में उपयोगी व्यक्तिगत सुरक्षा उपकरण, कोरोना वायरस की पहचान करने वाले उपकरण, आवश्यक दवाएं एवं अन्य सामग्री मुहैया कराई जा रही है. Also Read - स्वतंत्रता के बाद कोविड-19 देश की शायद सबसे बड़ी चुनौती: RBI के पूर्व गवर्नर रघुराम राजन

डब्ल्यूएचओ के अध्यक्ष ट्रेडोस एधानोम ने एक ट्वीट में कहा, “21 देशों को कोरोना वायरस की रोकथाम में उपयोगी उपकरण भेजे जा चुके हैं और 106 अन्य देशों को जल्द ही यह सामग्री भेजी जाएगी.” उन्होंने कहा, “इस सप्ताह के अंत तक 40 और देशों को यह उपकरण मुहैया करा दिए जाएंगे.”

बीते 24 घंटे में डब्ल्यूएचओ ने एशिया और अफ्रीका के 37 देशों को कोरोना वायरस की पहचान और उपचार के लिए आवश्यक उपकरण भिजवाए हैं. इसके अलावा 54 अन्य देशों को ऐसी ही मदद जल्द पहुंचाने की तैयारी की जा रही है. विश्व स्वास्थ्य संगठन चीन के हालात पर भी नजर बनाए हुए है. कोरोना वायरस का यह संक्रमण शुरुआती दौर में चीन के वुहान शहर से फैलना शुरू हुआ था.

डब्ल्यूएचओ के मुताबिक, वुहान में यह संक्रमण वहां के लोगों द्वारा खाए जाने वाले समुद्री भोजन और सी फूड मार्केट में सबसे पहले पाया गया.

(इनपुट आईएएनएस)