भोपाल: देश में कोरोना वायरस नाम की महामारी ने डेरा जमा लिया है. इस बीमारी का प्रकोप दिन प्रतिदिन बढ़ता ही जा रहा है. ऐसे में पिछले दिनों दिल्ली के निजामुद्दीन में हुई तबलीगी जमात के एक कार्यक्रम को इस संक्रमण के तेजी से फैलने की अहम वजह बताई जा रही है. इस कार्यक्रम में शामिल हुए लोगों को चेतावनी देते हुए मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि यदि इसमें शामिल लोगों ने अगले 24 घंटे के अन्दर स्वयं प्रशासन को अपनी जानकारी नहीं दी तो प्रदेश सरकार उनके खिलाफ आपराधिक प्रकरण दर्ज कर उचित कानूनी कार्रवाई करेगी. Also Read - कोरोना वायरस से प्रभावित टॉप 10 देशों की सूची में पहुंचा भारत, जून के अंत तक बहुत तेजी से बढ़ेंगे मामले

बता दें कि मध्‍य प्रदेश की राजधानी भोपाल में अभी कोरोना वायरस के संक्रमितों की संख्‍या तेजी से बढ़ रही है. भोपाल में बुधवार को सुबह तक 8 नए मामलों के साथ कोरोना संक्रमण के कुल 91 केस हो गए और इस की मुख्य वजह तबलीगी जमात से लौटे लोग हैं. Also Read - पंजाब में कोविड-19 के 21 नए मामले सामने आये, कुल संख्या बढ़ कर 2,081 हुई

चौहान ने ट्वीट किया, ‘ मध्य प्रदेश से निज़ामुद्दीन मरकज़ में गये सभी नागरिकों और विदेश से आ कर मस्जिदों में छुपे लोगों की पहचान कर सबको प्रशासन ने पृथक कर दिया है.’ उन्होंने कहा, ‘इसके बाद भी अगर कोई कहीं छुपा हुआ है, तो मेरा उनसे आग्रह है कि अगले 24 घंटे के अन्दर वे स्वयं प्रशासन को इसकी जानकारी दें.’ Also Read - शादी के तुरंत बाद दूल्‍हा-दुल्‍हन सीधे पहुंचे अस्‍पताल, कोरोना टेस्‍ट कराने के बाद पहुंचे घर

चौहान ने आगे लिखा, ‘ऐसा न करने पर देश और प्रदेश की सुरक्षा संकट में डालने के आरोप में उन पर प्रशासन द्वारा आपराधिक प्रकरण दर्ज कर उचित कानूनी कार्रवाई की जाएगी.’ स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने कहा, ‘मंगलवार रात तक मध्य प्रदेश में कुल 313 लोग कोरोना वायरस संक्रमित पाये गये.

प्रदेश में सबसे अधिक 173 मरीज इन्दौर में हैं, इसके बाद 85 मरीज भोपाल में, 13 उज्जैन में, 12 मुरैना में, आठ जबलपुर में, छह ग्वालियर में, चार खरगोन में, तीन बड़वानी में, दो-दो मरीज छिंदवाड़ा एवं शिवपुरी में और एक-एक मरीज बैतूल, श्योपुर, होशंगाबाद एवं विदिशा में मिले हैं. वहीं, एक व्यक्ति ओडिशा के भुवनेश्वर का है, जिसका यहां इलाज चल रहा है.’

उन्होंने बताया कि प्रदेश में अब तक 23 लोगों की मौत कोरोना वायरस के संक्रमण से हो चुकी है, जिनमें से इंदौर में 15, उज्जैन में पांच एवं भोपाल, खरगोन एवं छिंदवाड़ा में एक-एक व्यक्ति की जान गई है.

उन्होंने बताया कि 21 लोग स्वास्थ हो चुके हें. वहीं, 228 मरीजों की हालत स्थिर बनी हुई है, जबकि 20 की स्थिति गंभीर है. पिछले एक सप्ताह में प्रदेश के स्वास्थ्य विभाग की प्रमुख सचिव सहित दो आईएएस अधिकारी कोविड-19 के संक्रमण की चपेट में आए हैं.

भोपाल के मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉक्टर सुधीर डेहरिया ने कहा, ‘भोपाल में कोविड-19 से अब तक 85 लोग संक्रमित पाये गये हैं. इनमें 40 स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारी और 12 पुलिसकर्मी शामिल हैं.’