नई दिल्ली: कोरोना वायरस से जंग लड़ने के लिए डॉक्टर्स, नर्सो, अर्धचिकित्सा कर्मियों, तकनीशियनों, सहायक नसिर्ंग मिडवाइव्स आदि को विशेष ट्रेनिंग दी जा रही है. इसी तरह सड़कों पर तैनात पुलिसकर्मियों, स्वास्थ्य सेवाओं में जुटे राज्य सरकार के अधिकारियों एवं अग्रिम पंक्ति के अन्य कर्मचारियों को भी कोरोना वायरस से लड़ने का प्रशिक्षण दिया जाएगा. यह विशेष ट्रेनिंग मानव संसाधन विकास मंत्रालय की सहायता से दी जा रही है. महामारी के अगले चरणों में बढ़ने वाले पॉजिटिव मामलों से निबटने के लिए मौजूदा अग्रिम पंक्ति में तैनात लोगों की जगह लेने के लिए एक बड़े मानव संसाधन की आवश्यकता होगी. इसी मानव संसाधन को तैयार करने के लिए यह ट्रेनिंग दी जा रही है. Also Read - सऊदी अरब ने फिर से खोलीं 90 हजार मस्जिदें, मक्का अब भी बंद

मानव संसाधन विकास मंत्रालय ने इसके लिए ‘दीक्षा’ प्लेटफार्म पर ऑनलाइन प्रशिक्षण पोर्टल की शुरुआत की है. मानव संसाधन विकास मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, “पुलिस, स्वास्थ्य एवं अन्य कर्मचारियों को यह ट्रेनिंग देने का मकसद उन्हें कोरोना की रोकथाम के प्रति पेशेवर बनाना, सुरक्षित रहते हुए काम करने के तरीके बताना, कल्पनाशील व इनोवेटिव बनाना है. यह प्लेटफार्म किसी भी जगह, किसी भी समय प्रशिक्षण की सुविधा प्रदान करता है ताकि कोविड से प्रभावी तरीके से निबटने के लिए आवश्यक कार्यबल को और सशक्त बनाया जा सके.” Also Read - उत्तराखंड कैबिनेट को क्‍वारंटाइन में भेजने की जरूरत नहीं: स्वास्थ्य सचिव

पोर्टल पर केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय समेत अन्य संबंधित विभागों व मंत्रालयों की महत्वपूर्ण जानकारियां उपलब्ध कराई जा रही हैं. ऐसा इसलिए किया जा रहा है ताकि इस ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से कोरोना की जंग लड़ रहे अग्रिम पंक्ति के कर्मचारी लगातार अपडेट रह सकें. Also Read - Coronavirus Lockdown: स्कूलों को फिर से खोलने की योजना पर अभिभावकों की बढ़ी चिंता, जानें क्या है सरकार की प्लानिंग

गौरतलब है कि दिल्ली के अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स), दिल्ली कैंसर इंस्टीट्यूट, सफदरजंग अस्पताल व मोहल्ला क्लीनिक जैसे छोटे स्वास्थ्य केंद्रों पर भी स्वास्थ्य कर्मचारी व डॉक्टर कोरोना की चपेट में आए हैं. इसके अलावा दिल्ली समेत देश के अन्य हिस्सों में पुलिसकर्मी एवं अन्य सरकारी कर्मचारी भी लगातार कोरोनावायरस से संक्रमित हो रहे हैं. नए कार्य बल को तैयार करने व कोरोना की रोकथाम में जुटे कर्मचारियों को सुरक्षित बनाए रखने के लिहाज से यह प्रशिक्षण दिया जा रहा है. दीक्षा से देशभर के शिक्षाविदों समेत 1 करोड़ से अधिक छात्र व शिक्षक सीधे जुड़े हुए हैं. इसे एनसीईआरटी से भी लिंक किया गया है.