नई दिल्ली: कोरोना वायरस के मामले भारत में जहां धीरे धीरे कर बढ़ रहे थें, वहीं तबलीगी जमात मरकज के कारण कोरोना के मामलों में बड़ा उछाल देखने को मिल रहा है. एक तरफ जहां दो दिन पहले कोरोना पीड़ितों की संख्या 1300 थी. वहीं दो दिन बाद यानी कल कोरोना पीड़ितों की संख्या बढ़कर 2 हजार के पास पहुंच चुकी है. इसमें से 617 लोग कोरोना पीड़िता पाए गए, साथ ही अन्य लोगों को क्वारंटीन में रखा गया है. मरकज से जुड़े हुए हैं. लेकिन यह मामला सिर्फ दिल्ली तक ही नहीं सीमित रहा. देशभर के 25 राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों ने बीते दिनों एक आंकड़ा जारी कर बताया कि 8,500 ऐसे लोगों की पहचान की गई है जो मरकज से जुड़े हैं. यही नहीं बीते कल दिल्ली में मरकज की इमारत से 2361 लोगों के मरकज से बाहर निकाला गया. इस बारे में दिल्ली के उप मुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने ट्वीट कर जानकारी दी. Also Read - देश के 19 राज्‍यों में कोरोना से ठीक होने वाले मरीजों की दर राष्‍ट्रीय औसत से बेहतर: केंद्र

जमात से जुड़े लोगों में कुल 531 लोगों में कोरोना वायरस के लक्ष्ण पाए गए. इस कारण इन लोगों को अस्पताल में भर्ती कर दिया गया है. बता दें कि तबलीगी जमात के पदाधिकारियों की लापरवाही के कारण दिल्ली के निजामुद्दीन इलाके में हजारों की संख्या में लोग इकट्ठा हुए और फिर बाद में वह पूरे देश में फैल गए. बुधवार के दिन दक्षिण भारत के तीन राज्यों में अकेले 237 लोग संक्रमित मिले. सिर्फ तमिलनाडु में ही 110 संक्रमित लोगों की पहचान की गई. आपको बता दें कि इस कार्यक्रम में दुनिया भर से इस्लामिक स्कॉलर और लोग आए हुए थे. Also Read - Punjab Lockdown Extension News: जमावड़े पर लगी रोक, शादी समारोह में केवल इतने लोग होंगे शामिल

इस घटना के बाहर आने के लगातार बाद से सभी राज्यों की सरकार एलर्ट मोड में है. यही नहीं सभी राज्यों में जमात से जुड़े लोगों का तलाशी अभियान जारी है. बता दें कि जमात में यूपी से 157 लोग, हरियाणा से 125 लोग, पंजाब से 9 लोग, मध्य प्रदेश के 107 लोग, कर्नाटक के 300 लोग. बिहार में 30, उत्तराखंड में 26,हिमाचल में 17, आंध्र प्रदेश में 43, गुजरात के 76,छत्तीसगढ़ के 101, तेलंगाना में 1200 और राजस्थान में 37 लोगों की पहचान की गई है. मामले की गंभीरता को देखते हुए फिलहाल इन्हें क्वारंटीन कर दिया गया है. यही नहीं खबरों की मानें तो कोरोना वायरस के कारण तेलंगाना में जिन 6 लोगों की मौत हुई थी वह भी मरकज से जुडे थे. यही नहीं ऐसा ही मामला कश्मीर से देखने को मिला जहां एक बुजुर्ग की कोरोना वायरस के कारण मौत हो गई. यहां भी मृतक का तबलीगी जमात के साथ जुड़ावा पाया गया. Also Read - PM मोदी ने सुंदर पिचाई से की वीसी, गूगल भारत में 10 बिलियन डॉलर का निवेश करेगा