अहमदाबाद: गंभीर चक्रवाती तूफान ‘महा’ हो सकता है कि गुजरात तट पर दस्तक नहीं दे और गुरुवार शाम तक कमजोर पड़कर इसके ‘अवदाब’ के रूप में अरब सागर में खत्म हो जाने का अनुमान है. मौसम विभाग ने बुधवार को यह जानकारी दी. अगर यह अनुमान सही साबित हुआ तो यह आम लोगों और प्रशासन के लिए बड़ी राहत की बात होगी.

हालांकि ‘महा’ अभी भी ‘गंभीर चक्रवाती तूफान’ का रूप धारण किये हुए है और पूर्वी-मध्य अरब सागर के ऊपर मंडरा रहा है. यह गुजरात के सौराष्ट्र क्षेत्र में पोरबंदर तट से लगभग 400 किलोमीटर दूर है. मौसम विभाग की एक विज्ञप्ति में कहा गया है, “इसके (चक्रवाती तूफान) पूर्वी दिशा में बढ़ते हुए आज (बुधवार) शाम कमजोर होने की संभावना है. इसके बाद इसके पूर्वी-उत्तरपूर्वी दिशा में बढ़ते हुए सात नवंबर की सुबह तक कमजोर होकर गंभीर अवदाब का रूप लेने की संभावना है.” इससे पहले अनुमान लगाया गया था कि कि ‘महा’ गुरुवार सुबह केंद्र शासित प्रदेश दीव के पास गुजरात तट पर दस्तक देगा.

बता दें कि बंगाल की खाड़ी में भी एक चक्रवाती तूफान ‘बुलबुल’ तेजी से भयावह रूप लेता नजर आ रहा है. इन दोनों तूफानों ने देश को दो तरफ से घेर लिया है. अगर ये ज्यादा भयावह रूप लेते हैं तो इनकी वजह से महाराष्ट्र, गुजरात, पश्चिम बंगाल और ओडिशा पर सीधा असर पड़ेगा. जबकि, इन राज्यों से सटे हुए राज्यों में भी असर देखने को मिल सकता है.

मौसम विभाग के अनुसार, इसके पूर्व-उत्तर की ओर बढ़ने बहुत संभावना है और यह तेजी से कमजोर पड़ेगा. संभावना है कि यह सात नवंबर की सुबह चक्रवाती तूफान बनकर दीव के पास गुजरात तट को पार कर सकता है. इस दौरान 70-80 से लेकर 90 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं.

(इनपुट-भाषा)