Cyclone Tauktae Latest News Update: कर्नाटक के दो वरिष्ठ मंत्रियों ने कहा है कि चक्रवात ‘तौकते’ (Cyclone Tauktae) आज शनिवार रात तक राज्य के तीन तटीय जिलों में पहुंचेगा और प्रशासन स्थिति से निपटने तथा राहत एवं बचाव कार्य के लिए पूरी तरह तैयार है. उन्होंने कहा कि तूफान की वजह से तटीय और पास के जिलों में भारी बारिश हो सकती है तथा इसका प्रभाव 18 मई तक रह सकता है. राज्य के गृह मंत्री बासवराज बोमई ने कहा कि चक्रवात के आज रात तक कर्नाटक के तटीय क्षेत्रों तक पहुंचने की संभावना है. Also Read - Barge P305 Accident Update: Cyclone Tauktae में अब भी 26 लोग लापता, नेवी की टीमें तलाश कर रहीं

उन्होंने कहा कि आधी रात तक तीन तटीय जिलों-दक्षिण कन्नड़, उडुपी और उत्तर कन्नड़ तथा पास के चार-पांच जिलों में भी भारी बारिश हो सकती है. मंत्री ने राज्य आपदा प्रबंधन टीम और अधिकारियों के साथ बैठक के बाद संवाददाताओं से कहा कि सावधानी के तौर पर कई कदम उठाए गए हैं और राजस्व मंत्री ने तटीय जिलों के उपायुक्तों को आवश्यक निर्देश दिए हैं. राजस्व मंत्री आर अशोक ने कहा कि स्थिति से निपटने के लिए अधिकारी पूरी तरह तैयार हैं और मछुआरों से 18 मई तक समुद्र में ना जाने को कहा गया है. उन्होंने कहा कि अधिकारियों को लोगों को संबंधित क्षेत्रों से सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने के आदेश दिए गए हैं. Also Read - Cyclonic Storm YAAS Latest Update: बंगाल की खाड़ी में उठा चक्रवाती तूफान 'यास' ला सकता है बड़ी तबाही, हाई अलर्ट जारी

इधर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Narendra Modi reviews preparedness for Cyclone Tauktae) ने चक्रवात से निपटने की तैयारियों का जायजा लेने के लिए राज्यों, केंद्रीय मंत्रालयों और एजेंसियों के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक की. उन्होंने संबंधित अधिकारियों को लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने तथा बिजली, दूरसंचार, स्वास्थ्य, पेयजल जैसी जरूरी सेवाओं का प्रबंध सुनिश्चित करने के निर्देश दिए. प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) द्वारा जारी एक बयान में कहा गया कि प्रधानमंत्री ने चक्रवात से जिन स्थानों के प्रभावित होने की संभावना है वहां के अस्पतालों में कोविड प्रबंधन, टीकाकरण, बिजली की कमी ना हो, इसके उपाय और आवश्यक दवाओं के भंडारण के लिए विशेष तैयारियों की आवश्यकता पर बल दिया. Also Read - Barge P305 Accident Case: कैप्टन समेत अन्य के खिलाफ एफआईआर दर्ज

इस उच्च स्तरीय बैठक में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, प्रधानमंत्री के प्रमुख सचिव, कैबिनेट सचिव, गृह मंत्रालय, नागरिक उड्डयन, संचार, पोत परिवहन मंत्रालयों के सचिव, राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (NDMA) के शीर्ष अधिकारी, रेलवे बोर्ड के अध्यक्ष और प्रधानमंत्री कार्यालय तथा गृह मंत्रालय के शीर्ष अधिकारियों ने हिस्सा लिया. पीएमओ ने कहा, ‘प्रधानमंत्री ने नियंत्रण कक्षों को चौबीसों घंटे कार्यरत रखने का निर्देश दिया. उन्होंने जामनगर से होने वाली ऑक्सीजन की आपूर्ति पर कम से कम प्रभाव पड़ना सुनिश्चित करने पर विशेष ध्यान देने को कहा. उन्होंने समय रहते बचाव व राहत अभियान में स्थानीय लोगों को शामिल करने के बारे में भी बात की.’

बयान के मुताबिक भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने बताया कि तौकते चक्रवात 18 मई की दोपहर या शाम को पोरबंदर और नलिया के बीच गुजरात तट पर पहुंच सकता है और इस दौरान हवाओं की रफ्तार बीच-बीच में 175 किलोमीटर प्रति घंटा भी हो सकती है. इस वजह से गुजरात के तटीय जिलों जूनागढ़, गिर सोमनाथ में अत्यंत भीषण बारिश हो सकती है जबकि जूनागढ़, पोरबंदर, द्वारका, अमरेली, राजकोट और जामनगर सहित कुछ अन्य स्थानों पर बहुत भारी से भारी बारिश की संभावना है.

तूफान को ‘तौकते’ नाम म्यांमा ने दिया है जिसका मतलब ‘छिपकली’ होता है। इस साल भारतीय तट पर यह पहला चक्रवाती तूफान होगा. बैठक में चर्चा हुई कि केबिनेट सचिव सभी तटीय राज्यों और केंद्रीय मंत्रालयों के साथ ही एजेंसियों के लगातार संपर्क में रहेंगे और केंद्रीय गृह मंत्रालय चौबीसों घंटे स्थिति पर नजर बनाए हुए है.