मुंबई: जन्माष्टमी के अवसर पर मुंबई में दही हांडी समारोहों के दौरान मानव पिरामिड बनाते हुए कम से कम 45 लोग घायल हो गए, जबकि पालघर में एक व्यक्ति की मौत हो गई.Also Read - Viral: करतारपुर गुरुद्वारा में पाकिस्तानी मॉडल ने की आपत्तिजनक हरकत, दिल्ली तक पहुंची बात | देखिए

इस अवसर पर दही हांडी तोड़ने के लिए समूचे महाराष्ट्र में गोविंदाओं की टोलियों के बीच प्रतिस्पर्धा रहती है. बारिश और घायल होने का भय भी उनके जोश में खलल नहीं डाल पाया. Also Read - Mumbai News: टहलने के लिए बाहर निकली बुजुर्ग पर तेंदुए का घातक हमला, मगर एक छड़ी के आगे टिक ना सका | देखिए Video

जन्माष्टमी का त्योहार घाटकोपर, दादर, लालबाग और भांडुप सहित समूचे शहर में पूरे उत्साह के साथ मनाया गया. नगर निकाय के अधिकारियों के मुताबिक शाम पांच बजे तक मुंबई में करीब 45 गोविंदा घायल हुए हैं. Also Read - Maharashtra News: मुख्यमंत्री आवास के नजदीक दही हांडी तोड़ने पर MNS उपाध्यक्ष के खिलाफ मामला दर्ज...

अधिकारियों ने बताया कि घायलों में एक की हालत गंभीर है और उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जबकि अन्य लोगों का प्राथमिक उपचार करने के बाद अस्पताल से छुट्टी दे दी गई. पुलिस ने बताया कि पालघर में 21 साल के रोहन किनी की मिरगी का दौरा पड़ने से मौत हो गई.

हांडी तोड़ने के बाद उसे मानव पिरामिड से नीचे उतारा गया लेकिन इसके तुरंत बाद उसे मिरगी का दौरा पड़ा. अस्पताल ले जाते समय शाम करीब साढ़े छह बजे उसकी मौत हो गई.

माल एवं सेवा कर (जीएसटी) के लागू होने, आयकर की चिंता और नोटबंदी के चलते पिछले साल की तुलना में इस साल दही हांडी समारोह कुछ फीका रहा.

गौरतलब है कि एक जनहित याचिका पर सुनवाई के दौरान बंबई उच्च न्यायालय को राज्य सरकार ने यह भरोसा दिलाया था कि यह सुनिश्चित करेगी कि 14 साल से कम उम्र के बच्चे दही हांडी पिरामिड बनाने में भाग नहीं लेंगे.