बेंगलुरु: कर्नाटक के चामराजनगर जिले में एक मंदिर में विषाक्त भोजन खाने की घटना में रविवार को दो और लोगों की मौत होने के बाद मरने वालों की संख्या बढ़कर 13 हो गई. एक अन्य अस्पताल में 4 मरीजों को वेंटीलेटर पर रखा गया है. इनमें से दो लोगों की हालत गंभीर बनी हुई है. इसके अलावा विभिन्न अस्पतालों में कम से कम 100 लोगों का इलाज चल रहा है. पुलिस ने बताया कि आईपीसी की धारा 304 के तहत मंदिर प्रबंधन से जुड़े सात लोगों के खिलाफ गैरइरादातन हत्या का मामला दर्ज कर लिया गया है. मामले की आगे जांच की जा रही है.

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स्वास्थ्य विभाग के संयुक्त निदेशक सुरेश शास्त्री ने बताया कि रविवार को अपोलो अस्पताल में दो लोगों की और मौत हो गई. इनकी पहचान मागेश्वरी (36) और सलम्मा (35) के रूप में की गई है. अधिकारियों ने बताया कि एक की हालत गंभीर बनी हुई है.

4मरीज वेंटीलेटर पर, 100 का चल रहा इलाज
अधिकारियों ने बताया कि एक अन्य अस्पताल में चार मरीजों को वेंटीलेटर पर रखा गया है. इनमें से दो लोगों की हालत गंभीर बनी हुई है. इसके अलावा विभिन्न अस्पतालों में कम से कम 100 लोगों का इलाज चल रहा है.

विशेष पूजा का आयोजन के दौरान हुआ वाकया
यह घटना शुक्रवार सुबह जिले के सुलवादी गांव में तब हुई, जब माराम्मा देवी मंदिर में एक आधारशिला कार्यक्रम में विशेष पूजा का आयोजन किया गया था. पूजा के बाद भक्तों में प्रसाद का वितरण किया गया जिसे खाने के बाद लोगों को पेट दर्द, उल्टी और डायरिया जैसी शिकायतें होने लगी.

80 से ज्यादा पक्षी भी शिकार बने
यह भी बात सामने आई है कि करीब 80 से अधिक पक्षी भी विषाक्त प्रसाद का शिकार बन गए हैं. इनमें बड़ी संख्या में कौवे और अन्य दूसरे पक्षी शामिल हैं.

मंदिर में गुटबाजी के कारण वारदात
उधर, ग्रामीणों ने सरकार से कहा है कि वह इस मंदिर का प्रबंधन अपने हाथ में ले ले, क्योंकि ऐसी अफवाह है कि मंदिर प्रबंधन को लेकर हुई गुटबंदी के कारण इस घटना को अंजाम दिया गया. यह बात भी सामने आई है कि मंदिर में लगे सीसीटीवी कैमरे काम नहीं कर रहे थे. इस मामले में दो लोगों को हिरासत में लिया गया है.