Delhi Assembly Election 2020: (नई दिल्ली) कांग्रेस नेता और पूर्व सांसद जेपी अग्रवाल ने कहा कि दिल्ली का चांदनी चौक (Chandni Chowk Seat) इलाका उनकी सीट है और वहां से चुनाव लड़ना उनका अधिकार है. अग्रवाल के इस बयान से आम आदमी पार्टी (Aam Admi Party) छोड़कर कांग्रेस (Congress) में वापसी करने वाली अलका लांबा (Alka Lamba) को झटका लगा है. अलका चांदनी चौक से आप की विधायक थीं. वह इसी सीट से कांग्रेस के टिकट पर चुनाव लड़ना चाहती हैं.

जेपी अग्रवाल ने यहां मीडिया से बात करते हुए कहा, “मैं चौथी पीढ़ी का कांग्रेसी हूं और चुनाव लड़ना मेरा अधिकार है.” उन्होंने कहा कि जो लोग दूसरी पार्टी से आए हैं वे इस सीट पर दावा नहीं कर सकते. अग्रवाल ने हालांकि यह भी कहा कि पार्टी की अंतरिम अध्यक्ष सोनिया गांधी (Sonia Gandhi) का जो भी फैसला होगा, वह मानेंगे. अग्रवाल उन नेताओं में से एक हैं, जिन्होंने सोमवार को सोनिया गांधी से मुलाकात की थी. इन नेताओं ने सोनिया से कहा था कि अगर वह चाहती हैं तो ये दिल्ली विधानसभा का चुनाव लड़ने को तैयार हैं.

चांदनी चौक ऐसी सीट रही है, जहां से कांग्रेस के टिकट पर प्रहलाद सिंह साहनी पांच बार जीते हैं. वही साहनी अब आम आदमी पार्टी (Aam Admi Party) के उम्मीदवार हैं और यहां से मौजूदा विधायक अलका लांबा अब कांग्रेस में शामिल हो चुकी हैं. अलका के करीबी सूत्रों ने कहा कि सोनिया गांधी ने उन्हें टिकट देने का आश्वासन दिया है और अग्रवाल यमुना पार से चुनाव लड़ेंगे. कांग्रेस ने अपने सभी वरिष्ठ नेताओं को दिल्ली विधानसभा चुनाव लड़ने के लिए कहा है. सूत्रों का कहना है कि अजय माकन के चुनाव लड़ने की संभावना नहीं है. वह कथित तौर पर विदेश गए हुए हैं.

इस बीच, दिल्ली कांग्रेस के प्रमुख सुभाष चोपड़ा ने दावा किया है कि जिन लोगों को आप ने टिकट से वंचित किया गया है, वे कांग्रेस के संपर्क में हैं, जिसमें पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शाी के पोते आदर्श शास्त्री भी शामिल हैं. पार्टी के एक नेता ने कहा कि कांग्रेस की पहली सूची जल्द आने की उम्मीद है.