नई दिल्ली: दिल्ली विधानसभा चुनाव के लिए शनिवार को मतदान खत्म होने के बाद सभी टीवी चैनलों की ओर से जारी एक्जिट पोल को देखें तो केजरीवाल सरकार की सत्ता में बहुमत से वापसी होती नजर आ रही है. टीवी चैनलों ने अपने एग्जिट पोल में आम आदमी पार्टी को 44 से 68 सीटें तक दी हैं. हालांकि भाजपा की भी सेहत 2015 के चुनाव की तुलना में सुधरती दिख रही है. 2015 में सिर्फ तीन सीट पाने वाली भाजपा को इस बार दो से लेकर 26 सीटें मिलने के संकेत हैं.

दिल्ली की सत्ता में काबिज आम आदमी पार्टी (आप) को इस विधानसभा चुनाव में राष्ट्रीय राजधानी के सभी सात लोकसभा क्षेत्रों में बड़ी जीत मिलने के आसार हैं. आम आमदी पार्टी तीसरी बार दिल्ली में सरकार बनाने के लिए तैयार है. हालांकि पहली बार सरकार केवल 49 दिन ही चली थी. 28 दिसम्बर 2013 को पहली बार केजरीवाल ने दिल्ली के मुख्यमंत्री पद की शपथ ली थी. पहली बार चुनाव लड़कर मुख्यमंत्री की कुर्सी तक पहुंचे केजरीवाल ने सिर्फ 49 दिन के बाद दिल्ली के मुख्यमंत्री पद से 14 फरवरी 2014 को इस्तिफा दे दिया था.

आईएएनएस-सीवोट एग्जिट पोल के नतीजों के अनुसार, दिल्ली की सभी 70 विधानसभा सीटों में से ‘आप’ के खाते में 49 से 63 सीटें जा सकती हैं. सभी 70 विधानसभा क्षेत्रों में करवाए गए सर्वेक्षण में शामिल 11,839 लोगों से पूछा गया कि उन्होंने किस पार्टी को मतदान किया.

टाइम्स नाउ के एग्जिट पोल की मानें तो आम आदमी पार्टी दिल्ली में 47 सीटें जीत रही है, वहीं भाजपा को 23 सीटें मिलेंगी, जबकि कांग्रेस और अन्य के खाते में शून्य सीटें हैं. इसी तरह रिपब्लिक ने आम आदमी पार्टी को 48 से 61, भाजपा को 9 से 21 और कांग्रेस को शून्य से एक सीटें दीं हैं. टीवी 9 भारतवर्ष ने आम आदमी पार्टी के खाते में 54, भाजपा को 15 और कांग्रेस को एक सीट दी है.

इंडिया टुडे-एक्सिस ने आम आदमी पार्टी को 59 से 68 सीटें दी हैं, जबकि भाजपा को दो से 11 सीटें और कांग्रेस को एक भी सीट न मिलने की बात कही है.

जबकि न्यूज एक्स ने आम आदमी पार्टी को 50-56, भाजपा को 10 से 14 और कांग्रेस तथा अन्य को शून्य सीटें दीं हैं. रिपब्लिक टीवी की मानें तो आम आदमी पार्टी के इस चुनाव में 51 से 52 प्रतिशत वोट शेयर हासिल करने की संभावना है. वहीं भाजपा 38 से 40 प्रतिशत, कांग्रेस से चार से पांच और अन्य को पांच प्रतिशत वोट शेयर मिलेगा.

(इनपुट आईएएनएस)