नई दिल्ली: कोविड-19 को इस सदी की सबसे बड़ी त्रासदी करार देते हुए दिल्ली के स्वास्थ्य मंत्री सत्येंद्र जैन ने बृहस्पतिवार को कहा कि यह ‘युद्ध जैसी स्थिति’ है और दिल्ली सरकार जरूरतों की पूर्ति के लिए और डॉक्टरों एवं चिकित्साकर्मियों को अपने साथ लाने के लिए हर तरीका आजमाएगी. Also Read - Covid-19 in Himachal Pradesh: हिमाचल प्रदेश में चार साल की बच्ची सहति 18 और लोग कोरोना पॉजिटिव, कुल मामले 1102 हुए

संक्रमण के बारे में एक सवाल के जवाब में उन्होंने संवाददाताओं से कहा कि बड़े लक्षणों वाले मरीजों, जिनमें संक्रमण की पुष्टि भी नहीं है, को भर्ती किया जाना है. उन्होंने कहा कि इन मुख्य लक्षणों में बेचैनी, प्रति मिनट 24 की श्वसन दर और ऑक्सीजन संतृप्तता या 93 फीसद या उससे कम एसपीओ2 स्तर शामिल हैं. Also Read - Corornavirus in Jammu-Kashmir: जम्मू-कश्मीर में कोरोना वायरस संक्रमण के 330 नए मामले, जानें घाटी में कहां कितने मरीज

जैन ने आने वाले सप्ताहों में बेड की अनुमानित जरूरत पर कहा कि मामले बहुत बढ़ने की स्थिति को ध्यान में रखकर बैंक्वेट हॉल और स्टेडियमों का इस्तेमाल करने की तैयारी की जा रही है और यह बड़े पैमाने पर किया जाएगा. उन्होंने कहा, ‘‘ 1918 में दुनिया ने स्पेनिश फ्लू देखा जो 1920 तक रहा. कोरोना वायरस इस सदी की सबसे बड़ी त्रासदी है.’’ Also Read - कोरोना के हवा से फैलने के दावे से घबराएं नहीं, बस करिए ये काम, जानिए क्या कहते हैं विशेषज्ञ 

राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में ङलतदमक1.0 में कोरोना से बने हालात पूरी तरह से बेकाबू होते जा रहे हैं. गुरुवार को दिल्ली में कोरोना से 65 लोगों की जान गई जबकि अब तक 1085 लोगों ने कोविड-19 के कराण अपनी जान गवाई है. दिल्ली में कोरोना के अभी तक 34500 से अधिक मामले सामने आ चुके हैं. भारत में अब कोरोना से संक्रमित होने वालों की संख्या तीन लाख के करीब पहुचं गई है.