नई दिल्ली: दिल्ली हाई कोर्ट ने अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) के निदेशक से गुरुवार को ही एक मेडिकल बोर्ड का गठन करके पूर्व केन्द्रीय मंत्री पी चिदंबरम के स्वास्थ्य पर जानकारी देने के लिए कहा है. चिदंबरम आंतों से जुड़ी बीमारी ‘क्रोहन’ से पीड़ित हैं. Also Read - दिल्ली हाईकोर्ट ने कहा- हम लोगों को मरते हुए नहीं देख सकते, ऑक्सीजन की सप्लाई केंद्र सरकार की जिम्मेदारी

हाई कोर्ट ने कहा कि चिदंबरम के स्वास्थ्य की जानकारी देने वाले मेडिकल बोर्ड में हैदराबाद के चिकित्सक नागेश्वर रेड्डी को शामिल किया जाए. चिदंबरम फिलहाल तिहाड़ जेल में बंद हैं. चिदंबरम ने अदालत से कहा कि आईएनएक्स मीडिया मनी लॉन्ड्रिंग मामले में उन्हें चिकित्सकीय आधार पर अंतरिम जमानत दी जाए. चिदंबरम ने कहा है कि उनकी सेहत खराब हो रही है और उन्हें संक्रमण रहित वातावरण में रहने की जरूरत है. Also Read - दिल्ली High Court ने कोरोना से लड़ने में अहम दवाओं की कमी पर कहा-केंद्र विवेक का इस्तेमाल कर संसाधनों और दवाओं का करें आवंटन

न्यायमूर्ति सुरेश कैत ने कहा कि बोर्ड आज (गुरुवार को) चिदंबरम की चिकित्सीय अवस्था के बारे में चर्चा करेगा और इसकी रिपोर्ट अदालत के समक्ष रखेगा. जिसके बाद उच्च न्यायालय इस मामले पर शुक्रवार को सुनवाई करेगा. Also Read - कोविड-19 के मामलों में वृद्धि के चलते एम्स-दिल्ली की ओपीडी 22 अप्रैल से बंद होगी