Delhi Vidhan Sabha election result 2020
इंदौर: दिल्ली विधानसभा चुनावों में भाजपा की करारी हार के बाद पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव कैलाश विजयवर्गीय ने अरविंद केजरीवाल नीत आम आदमी पार्टी सरकार की घोषित मुफ्त योजनाओं पर मंगलवार को निशाना साधा. विजयवर्गीय ने यहां संवाददाताओं से कहा, “(दिल्ली विधानसभा चुनावों में) मुद्दा मुफ्त (योजनाओं) का था. यह तो केजरीवाल ही बतायेंगे कि चुनावों में विकास का मुद्दा कहां से आ गया? दिल्ली में खासकर पिछले छह महीनों के दौरान मुफ्त योजनाओं की जो घोषणाएं हुईं, उनका इन चुनावों पर असर हुआ है.”

दिल्ली विधानसभा चुनावों में बीजेपी की हार को इस बात से भी जोड़कर देखा जा रहा है कि उसने केजरीवाल के मुकाबले मुख्यमंत्री पद का चेहरा घोषित नहीं किया. इस बारे में पूछे जाने पर भाजपा महासचिव ने कहा, “यह सब चर्चाओं की बात है. हमने जिन प्रदेशों में विधानसभा चुनावों के दौरान मुख्यमंत्री पद का चेहरा घोषित नहीं किया, वहां भी अपनी सरकारें बनाई हैं. हमने हरियाणा और त्रिपुरा में अपनी सरकारें बनाई हैं.”

विजयवर्गीय, पश्चिम बंगाल के प्रभारी भाजपा महासचिव हैं, जहां वर्ष 2021 में विधानसभा चुनाव होने हैं. उन्होंने दावा किया, “हम पश्चिम बंगाल चुनावों में बिना (मुख्यमंत्री पद के) चेहरे के अपनी सरकार बनाएंगे.”

भाजपा महासचिव ने कहा, “विधानसभा चुनावों में मुख्यमंत्री पद के लिये हमारा कोई चेहरा घोषित हो या न हो, यह अलग विषय है. लेकिन हम निश्चित रूप से मंथन करेंगे कि दिल्ली में भाजपा संगठन को किस तरह मजबूत किया जाये.”

उन्होंने कहा कि दिल्ली के पिछले विधानसभा चुनावों की तुलना में इस बार भाजपा का प्रदर्शन “बहुत अच्छा” रहा है, जबकि कांग्रेस का सूपड़ा साफ हो गया है.

बीजेपी महासचिव ने अपने गृह राज्य मध्यप्रदेश की कमलनाथ नीत कांग्रेस सरकार पर आरोप लगाया कि वह “फूट डालो और राज करो” की नीति के तहत हिंदू समुदाय को बांटने की कोशिश कर रही है.

बीजेपी महासचिव ने कहा, “राज्य में इस दुष्प्रचार के पीछे बहुत बड़ा राजनीतिक षड्यंत्र है कि आदिवासी लोग हिंदू समुदाय का हिस्सा नहीं हैं. इसके पीछे कहीं न कहीं कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी का (कथित) निर्देश काम कर रहा है.”