नई दिल्ली: जामिया समन्वय समिति ने सोमवार को पुलिस को मांगों का एक ज्ञापन सौंपकर कहा कि पूर्वोत्तर दिल्ली में कथित तौर पर हिंसा भड़काने के लिए भाजपा नेता कपिल मिश्रा को गिरफ्तार किया जाना चाहिए. समिति ने जय सिंह रोड पर नए पुलिस मुख्यालय के बाहर विरोध प्रदर्शन का आह्वान किया था, लेकिन संयुक्त पुलिस आयुक्त (दक्षिणी रेंज) और प्रदर्शनकारियों की मुलाकात के बाद उन्हें निजामुद्दीन ले जाया गया. Also Read - झारखंड: भाजपा ने लगाया हेमंत सरकार पर आरोप, कहा- इनके राज में आदिवासी नहीं हैं सुरक्षित

ज्ञापन में कहा गया है कि दिल्ली भाजपा नेता कपिल मिश्रा को उनके भाषणों और ट्वीट के माध्यम से पूर्वोत्तर दिल्ली में हिंसा भड़काने के लिए एफआईआर दर्ज कर तत्काल गिरफ्तार किया जाए. उन्होंने उन 20 स्थानों के लिए सुरक्षा की भी मांग की जहां संशोधित नागरिकता कानून के खिलाफ विरोध प्रदर्शन चल रहे हैं. इन स्थानों में शाहीन बाग, जामिया मिल्लिया इस्लामिया, मुस्तफाबाद, तुर्कमान गेट, खुरेजी, जामा मस्जिद, जाफराबाद मेट्रो स्टेशन शामिल हैं. Also Read - विधायकों की खरीद-फरोख्त: बीजेपी प्रदेशाध्यक्ष सतीश पूनियां ने किया गहलोत पर पलटवार

बता दें कि उत्तर पूर्वी दिल्ली में संशोधित नागरिकता कानून (सीएए) को लेकर भड़की हिंसा में एक हेड कांस्टेबल समेत चार लोगों की मौत हो गई और अर्द्धसैन्य एवं दिल्ली पुलिस बल के कई कर्मियों समेत कम से कम 50 लोग घायल हो गए. इस दौरान पथराव के कारण घायल हुए गोकलपुरी के सहायक पुलिस आयुक्त के कार्यालय से जुड़े हेड कांस्टेबल रतन लाल (42) की मौत हो गई. दिल्ली सरकार के एक अधिकारी ने बताया कि हिंसा में घायल तीन अन्य आम नागरिकों की मौत हो गई और 50 घायल उपचार के लिए अस्पताल पहुंचे हैं. Also Read - बांग्ला एक्ट्रेस ने छोड़ी भाजपा, कहा- अनुराग ठाकुर, कपिल मिश्रा जैसों के साथ नहीं रह सकती

जाफराबाद, मौजपुर, चांद बाग, खुरेजी खास और भजनपुरा में सीएए समर्थक और विरोधी समूहों के बीच हिंसा भड़कने के बाद पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को तितर-बितर करने के लिये आंसू गैस छोड़ी और लाठीचार्ज भी किया. हालात नियंत्रित करने के लिए सुरक्षा बलों ने फ्लैग मार्च किया और निषेधाज्ञा लागू कर दी गई है.

इनपुट-एजेंसी