नई दिल्ली: आज के बाद पुराने 500 और 1000 के नोटों की कीमत पूरी तरह रद्दी के बराबर हो गई है। नोटबंदी के बाद सरकार ने इसे बदलने की आखिरी तारीख 31 मार्च तक तय की थी। शुक्रवार 31 मार्च को शाम 5 बजे रिजर्व बैंक ने पुराने नोट बदलने वाली खिड़की बंद कर दी गई। आज के बाद अब रिजर्व बैंक में भी 500 और 1000 के नोट को एक्सचेंज नहीं किया जाएगा। रिजर्व बैंक के बाहर आखिरी दिन बड़ी संख्या में लोग पहुंचे थे।Also Read - Drugs Case: फडणवीस पर नवाब मलिक ने फोड़ा हाइड्रोजन बम-जाली नोटों का धंधा, अंडरवर्ल्ड कनेक्शन, जानिए...

गुरुवार की रात से भारतीय रिजर्व बैंक के अधिकृत दफ्तरों के बाहर पुराने 500 और 1,000 के नोट बदलने के लिए लोग लंबी कतारों में लग गए थे। भारतीय रिजर्व बैंक ने नवंबर-दिसंबर 2016 के दौरान देश से बाहर गए नागरिकों को पुराने नोट बदलने के लिए 31 मार्च तक का समय दिया है। वहीं प्रवासी भारतीय 30 जून तक पुराने नोट बदल सकेंगे। Also Read - Kisan Protest Latest News: कृषि बिल को लेकर बोले सुखबीर बादल- जीएसटी और नोटबंदी की तरह अब इसे थोपने पर लगी है केंद्र

पीएम मोदी ने 8 नवंबर 2016 की मध्यरात्रि से 500 रुपये और 1,000 रुपये के नोटों को चलन से बाहर करने का फरमान सुनाया था। इस फैसले के पीछे उन्होंने भ्रष्टाचार, काला धन, आतंकवाद और नकली नोटों से निपटना बताया था। पीएम मोदी सरकार के इस फैसले के बाद विपक्ष ने हमला किया था और उन्हें विपक्ष की आलोचना शिकार होना पड़ा था। लेकिन मोदी सरकार अपने इस फैसले पर अडिग रही। Also Read - NITI Aayog: अगले वित्त वर्ष के अंत तक भारत की अर्थव्यवस्था महामारी के पहले के स्तर पर पहुंच जाएगीः नीति आयोग