नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बुधवार को कहा कि सैन्य मामले का विभाग सृजित करना और चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ पद को प्रणालीबद्ध करना महत्वपूर्ण सुधार हैं. देश के पहले चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ के तौर पर जनरल बिपिन रावत की नियुक्ति पर उन्हें बधाई देते हुए मोदी ने कहा कि वह उत्कृष्ट अधिकारी हैं, जिन्होंने बड़े उत्साह के साथ भारत की सेवा की है.

पीएम ने कहा, मुझे खुशी है कि जैसे ही हम नया साल और नया दशक शुरू किया है, भारत को अपना पहला चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ जनरल बिपिन रावत मिले हैं. मैं उन्हें बधाई देता हूं और इस जिम्मेदारी के लिए उन्हें शुभकामनाएं देता हूं. वह एक उत्कृष्ट अधिकारी हैं, जिन्होंने बड़े उत्साह के साथ भारत की सेवा की है.

प्रधानमंत्री ने ट्वीट किया, आवश्यक सैन्य विशेषज्ञता के साथ सैन्य मामलों का विभाग सृजित करना और सीडीएस पद को प्रणालीबद्ध करना महत्वपूर्ण और समग्र सुधार हैं, जिनसे हमारे देश को आधुनिक युद्ध की बदलती चुनौतियों का सामना करने में मदद मिलेगी.

पीएम ने ट्वीट किया, जैसा कि पहले सीडीएस ने कार्यभार संभाला है, मैं उन सभी को श्रद्धांजलि अर्पित करता हूं, जिन्होंने हमारे राष्ट्र के लिए अपनी सेवा दी है. मैं कारगिल में लड़े बहादुर कर्मचारियों को याद करता हूं, जिसके बाद हमारी सेना में सुधार पर कई चर्चाएं शुरू हुईं, जिससे आज का ऐतिहासिक विकास हुआ.

पीएम ने अगले ट्वीट 5 अगस्त 2019 को, लाल किले की प्राचीर से, मैंने घोषणा की कि भारत का एक चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ होगा. यह संस्था हमारे सैन्य बलों के आधुनिकीकरण की जबरदस्त जिम्मेदारी लेती है. यह 1.3 अरब भारतीयों की आशाओं और आकांक्षाओं को भी दर्शाएगा.

पीएम ने लिखा, आवश्यक सैन्य विशेषज्ञता के साथ सैन्य मामलों के विभाग का निर्माण और सीडीएस के पद का संस्थागतकरण एक महत्वपूर्ण क्षण है और व्यापक सुधार जो हमारे देश को आधुनिक युद्ध की बदलती चुनौतियों का सामना करने में मदद करेंगे.