नई दिल्‍ली: मध्‍य प्रदेश में सत्‍ता की लड़ाई के लिए कांग्रेस और बीजेपी के बीच सियासी पारा गर्मा गया है और बुधवार को सुबह से ही दोनों पक्षों के बीच तेज हमले एक दूसरे पर जारी हैं. कांग्रेस नेता व और राज्‍यसभा उम्‍मीदवार दिग्‍व‍िजय सिंह बेंगलुरु में अपनी पार्टी के बागी विधायकों से मिलने की कोशिश में नाकाम रहने के बाद अब जहां कर्नाटक हाई कोर्ट में याचिका दायर की है, वहीं, बीजेपी की मध्‍य प्रदेश इकाई ने राज्‍यसभा उम्‍मीदवार दिग्‍व‍िजय सिंह के खिलाफ चीफ इलेक्‍शन कमिश्‍नर को शिकायती पत्र भेजकर कोड ऑफ कंडक्‍ट के उल्‍लंघन की कंम्‍प्‍लेन दर्ज कराई है. Also Read - हर तरफ उड़ी लॉकडाउन की धज्जियां, ये आपाधापी बिगाड़ न दें हालात, घर जाने के लिए ताक पर रखे नियम

कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह ने कहा, मैंने कर्नाटक हाईकोर्ट में एक याचिका दायर की है, जिसमें बेंगलुरु में रखे गए मध्‍य प्रदेश के कांग्रेस विधायकों से मिलने की इजाजत मांगी है. मैंने उपवास पर रहने का फैसला किया है और उच्चतम न्यायालय और उच्च न्यायालय के फैसले के बाद इस पर विचार करेगा. Also Read - भाजपा अध्यक्ष ने कहा- लॉकडाउन में पैदल घर को निकले लोगों की मदद करें पार्टी कार्यकर्ता 

वहीं, मध्‍य प्रदेश बीजेपी ने मुख्‍य चुनाव आयुक्‍त को एक पत्र यह कहते हुए लिखा है कि दिग्‍विजय सिंह, जो राज्‍यसभा के उम्‍मीदवार हैं और अपने पक्ष में वोटिंग करने के लिए वह अन्‍य लोगों के साथ बेंगलुरु 16 विधायकों को मनाने गए, जो Ramada hotel में रुके हुए है. यह आदर्श अचार संहिता का उल्‍लंघन है. Also Read - Coronavirus: इंदौर में ड्यूटी पर तैनात 3,000 पुलिसकर्मियों को परिवार से दूरी बनाए रखने की सलाह

बीजेपी ने अपने पत्र में आगे लिखा है, इसलिए यह निवेदन है कि दिग्‍व‍िजय सिंह और अन्‍य के खिलाफ उचित कार्रवाई की जाए, ताकि राज्‍यसभा चुनाव को शांतिपूर्वक और लोकतांत्रिक तरीके से कराया जा सके.

बेंगलुरु में सियासी नाटक
– बेंगलुरु में बुधवार सुबह उस रिजॉर्ट के पास नाटकीय घटनाक्रम देखने को मिला जहां मध्य प्रदेश के बागी कांग्रेस विधायक ठहरे हुए हैं
– पार्टी के वरिष्ठ नेता दिग्विजय सिंह ने पुलिस पर विधायकों से मुलाकात न करने देने का आरोप लगाते हुए प्रदर्शन किया
– पुलिस द्वारा हिरासत में लिए गए दिग्विजय सिंह ने भाजपा पर विधायकों को बंधक बनाने का आरोप लगाया और कहा कि वह भूख हड़ताल करेंगे.

– दिग्विजय सिंह ने कहा, भाजपा विधायक अरविंद भदौरिया और एक सांसद ने उन्हें बंधक बना रखा है
– मैं अपने विधायकों, अपने मतदाताओं (राज्यसभा चुनाव के लिए), अपनी ही पार्टी के लोगों से क्यों नहीं मिल सकता? भाजपा इसमें क्या कर रही है?’’
– दिग्विजय सिंह ने आरोप लगाया कि रिजॉर्ट के भीतर कांग्रेस विधायक उनसे मिलना चाहते हैं लेकिन उन्हें ऐसा करने नहीं दिया जा रहा है.
– पुलिस द्वारा मनाने की कोशिश करने पर मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा, अपने कांग्रेस विधायकों से मिलना मेरा अधिकार है. मैं भाजपा विधायकों से नहीं मिलना चाहता. मैं कांग्रेस विधायकों से मिलना चाहता हूं. लोगों ने उन्हें कांग्रेस विधायक के तौर पर वोट दिया था न कि भाजपा विधायकों के तौर पर.’’
– दिग्‍व‍िजय सिंह बुधवार सुबह शहर में पहुंचे और प्रदेश कांग्रेस के नवनियुक्त प्रमुख डी के शिवकुमार, पूर्व मंत्री कृष्ण बायरे गौड़ा और अन्य लोगों ने उनकी अगवानी की
– दिग्‍व‍िजय सिंह सीधे रिजॉर्ट पहुंचे जहां पुलिस ने उन्हें प्रवेश करने नहीं दिया
– शिवकुमार तथा राज्य के अन्य नेता भी घटनास्थल पर पहुंचे

वीडियो में यह कहते दिखे दिग्‍विजय सिंह
कांग्रेस द्वारा जारी की गई वीडियो में दिग्‍व‍िजय सिंह कहते दिखाई दिए, ”मैं मध्य प्रदेश का पूर्व मुख्यमंत्री हूं, जो राज्यसभा चुनाव का उम्मीदवार है. मतदान 26 मार्च को है. यहां 22 विधायक ठहरे हुए हैं और वे मुझसे बात करना चाहते हैं लेकिन उनके फोन ले लिए गए हैं और पुलिस हमें उनसे बात करने नहीं दे रही है.”

मैं गांधीवादी हूं और मेरे पास कोई बम या राइफल नहीं है
दिग्‍व‍िजय सिंह ने कहा, ”पुलिस कह रही है कि विधायकों की सुरक्षा को खतरा है. मैंने उन्हें बताया कि मैं गांधीवादी हूं और मेरे पास कोई बम या राइफल नहीं है, हमें उनसे मिलने दीजिए और मैं वापस चला जाऊंगा.”

खास बातें
– पुलिस अधीक्षक (बेंगलुरु ग्रामीण) भीमाशंकर एस गुलेड ने सिंह को यह कह कर समझाने का प्रयास किया कि रिजॉर्ट में मध्य प्रदेश के विधायकों ने पुलिस सुरक्षा मांगी है.
– विधायकों ने पुलिस को लिखा है कि वे किसी से नहीं मिलना चाहते क्योंकि उन्हें मुश्किल में पड़ने की आशंका है और यह सिंह तथा अन्य लोगों को बता दिया गया है.
– पुलिस अधिकारी ने कहा, हमने उन्हें पत्र भी दिखाया है.
– पुलिस के दावे पर सवाल उठाते हुए सिंह ने कहा, वे (पुलिस) विधायकों के नाम या और कुछ नहीं जानते तो हमें कैसे पता चल सकता है कि एसपी ने विधायकों से बात की है?
– दिग्‍व‍िजय सिंह ने दावा किया कि विधायकों का कोई पत्र उन्हें नहीं दिखाया गया. उन्होंने कहा कि उन्हें फोन पर कुछ दिखाया गया जिसमें दो विधायकों के नाम थे, इनमें से एक मेरी सरकार में मंत्री थे.
– दिग्‍व‍िजय सिंह ने कहा, उन्हीं विधायकों ने मुझसे यहां आने को कहा है
– दिग्‍व‍िजय सिंह ने आरोप लगाया कि विधायकों के जाली हस्ताक्षर लिए गए.


कांग्रेस के 22 बागी विधायकों का दावा 
कांग्रेस के 22 बागी विधायकों ने मंगलवार को संवाददाता सम्मेलन किया और दावा किया कि पार्टी के 20 और विधायक उनके साथ आना चाहते हैं और वे आने वाले दिनों में भाजपा में आने पर विचार कर रहे हैं.

कमलनाथ सरकार गिरने के कगार पर
कांग्रेस को बड़ा झटका देते हुए उसके प्रतिष्ठित युवा नेता ज्योतिरादित्य सिंधिया ने पार्टी छोड़ दी और इसके बाद मध्य प्रदेश से पार्टी के 22 विधायकों ने इस्तीफा दे दिया. इसके साथ 15 महीने पुरानी कमलनाथ सरकार गिरने के कगार पर पहुंच गई है. सिंधिया 11 मार्च को भाजपा में शामिल हो गए थे. (इनपुट: एजेसी)